छोटे भाई को ढूंढने के लिए घर से निकले तीन बालक (दो लड़के व एक लड़की) घर से निकल गए। परिजनों की सूचना पर पुलिस रात भर ढूंढती रही। अगले दिन पता चला कि बच्चे मां के डर के कारण 140 किलोमीटर दूर दादा दादी के पास पहुंच गए। बच्चा पहले भी घर से निकल गया था, लिहाजा पुलिस ने दंपती को देखरेख करने के लिए नोटिस भेजा है। साथ ही बाल कल्याण समिति को भी अवगत कराया है।
मामला वसंत विहार थाना क्षेत्र का है शनिवार दोपहर को एक घर से 4 बालक जिनमें 3 लड़के और एक लड़की शामिल है चले गए थे। इनके माता-पिता फूड डिलीवरी कंपनी में काम करते हैं। माता-पिता घर लौटे तो बच्चों को न देख कर परेशान हो गए। आसपास में देखा तो उनका कोई पता नहीं चला। इसके बाद उन्होंने पुलिस को सूचना दी। इनमें सबसे बड़ा भाई 15 साल का उस से छोटी बहन 13 साल की उससे छोटा 10 साल का और सबसे छोटा भाई आठ साल का है।
इंस्पेक्टर वसंत विहार देवेंद्र चौहान ने बताया कि सूचना के बाद पुलिस ने तलाश शुरू की, लेकिन शनिवार रात व रविवार दिनभर बच्चों का कोई पता नहीं लग सका। इसके बाद रविवार देर शाम बच्चों के माता-पिता थाने आए और उन्होंने बताया कि चारों बच्चे बिजनौर में अपने दादा दादी के पास पहुंच गए हैं। जानकारी करने पर पता चला कि सबसे पहले आठ साल का बच्चा घर से निकला था। इस पर बड़ा भाई अपने भाई बहनों के साथ उसे खोजता हुआ आईएसबीटी के पास तक पहुंच गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। उसने सोचा कि देर से माता-पिता के पास पहुंचेंगे तो मां डटेगी।
लिहाजा वह बिजनौर की बस में सवार हो गए और अपने दादा के घर चले गए। इनमें से आठ साल का बच्चा एक दिन पहले भी घर से चला गया था। दोनों माता पिता काम करते हैं और सभी बच्चे घर पर रहते हैं। उनकी देखभाल के लिए कोई नहीं रहता है। इस कारण माता-पिता को नोटिस जारी किया गया है। पुलिस ने कहा है कि इन नाबालिग बच्चों का खुद ख्याल रखें या फिर कोई ख्याल रखने वाला तैनात करें। इसके अलावा पुलिस ने बाल कल्याण समिति को भी इस घटना के संबंध में अवगत करा दिया है।