स्वास्थ्य विभाग की ओर से स्वाइन फ्लू के साथ-साथ डेंगू को लेकर भी विशेष एहतियात बरती जा रही है। । सिर दर्द, बदन दर्द और उल्टी की शिकायत लेकर आ रहे रोजाना करीब 50 संदिग्ध मरीजों की डेंगू जांच अस्पताल में ही की जा रही है।
जिले में स्वाइन फ्लू (इन्फ्लूएंजा-ए, एच-1, एन-1) के 78 मामले सामने आने के बाद स्वास्थ्य महकमा अलर्ट मोड पर आ गया है। इसके मद्देनजर विकासनगर उप जिला अस्पताल प्रशासन ने भी सतर्कता बढ़ा दी है। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (सीएमएस) डॉ. प्रताप सिंह ने ओपीडी में तैनात चिकित्सकों को सर्दी-जुकाम और बुखार जैसे संदिग्ध लक्षणों वाले मरीजों की तत्काल स्वाइन फ्लू जांच कराने के सख्त निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन
सीएमएस ने बताया कि स्वाइन फ्लू के साथ-साथ डेंगू को लेकर भी विशेष एहतियात बरती जा रही है। सिर दर्द, बदन दर्द और उल्टी की शिकायत लेकर आ रहे रोजाना करीब 50 संदिग्ध मरीजों की डेंगू जांच अस्पताल में ही की जा रही है। इसके लिए छह बेड का आइसोलेशन वार्ड पहले से तैयार है।
वहीं, स्वाइन फ्लू (आरटी-पीसीआर) जांच के लिए अस्पताल में 100 वीटीएम किट उपलब्ध हैं और अतिरिक्त किट की डिमांड भेजी गई है। अब तक पांच संदिग्ध मरीजों के वीटीएम किट से सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे जा चुके हैं। प्रबंधन ने साफ किया है कि स्वाइन फ्लू का मरीज मिलने पर उसके लिए तत्काल अलग से आइसोलेशन वार्ड तैयार किया जाएगा।