दो अक्तूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘स्वच्छ भारत अभियान’ संग कदमताल करते हुए नगर निगम ने देहरादून में एक माह के स्वच्छता अभियान की शुरुआत तो की, लेकिन महज दो दिन में इसकी हवा निकल गई।
तीन दिन से राजधानी के विभिन्न वार्डों से कचरा उठाने का काम ठप है। पटेलनगर, धर्मपुर, डालनवाला समेत विभिन्न क्षेत्रों में गली-मोहल्ले गंदगी के ढेरों से अट गए हैं। इससे निगम का अभियान ‘अस्वच्छ दून’ की तस्वीर पेश कर रहा है।
नगर निगम ट्रेंचिंग ग्राउंड की सड़क टूटने को इसकी वजह बता रहा है। दावा है कि बुधवार से कूड़ा उठाने का काम युद्धस्तर पर किया जाएगा। उधर, कचरा न उठने से जहां गली-मोहल्लों में बदबू से लोगों का जीना मुहाल हो गया है, वहीं गंदगी के कारण बीमारियों का खतरा मंडरा रहा है।
परेड ग्राउंड बना कूड़ादान
परेड ग्राउंड में भारतीय किसान यूनियन के किसान जागृति समारोह के दौरान लगे कचरे के ढेर दूसरे दिन भी नहीं उठाए जा सके। दूसरी ओर, प्रशासनिक अधिकारियों के भी इस ओर आंखें मूंद लेना सवाल खड़े करता है।
सहस्त्रधारा रोड स्थित ट्रेंचिंग ग्राउंड का रास्ता टूट गया था। इससे वहां कूड़ा ले जाने वाले भारी वाहनों का प्रवेश करना मुश्किल था। रास्ते की मरम्मत करना जरूरी था। इस काम में तीन दिन का वक्त लग गया। बुधवार से कचरा उठान शुरू हो जाएगा।
- डॉ. आरके सिंह, वरिष्ठ नगर स्वास्थ्य अधिकारी