रियलिटी शो से बॉलीवुड में ऊंचा मुकाम हासिल करने वाली और अपने गीतों से युवाओं के दिलों पर राज करने वाली गायिका सुनिधि चौहान पहाड़ों की रानी मसूरी पहुंचकर काफी खुश नजर आईं।
देहरादून में एक कार्यक्रम में प्रस्तुति देने के लिए पहुंची सुनिधि ने मीडिया से अपने अनुभव साझा किए। बुधवार को जीएमएस रोड स्थित एक होटल में बॉलीवुड गायिका सुनिधि चौहान मीडिया से मुखातिब हुई। उन्होंने कहा कि वह दून में दूसरी बार प्रस्तुति देने आई हैं। कई साल पहले हुए एक शो में दर्शकों का खूब प्यार और सम्मान मिला था।
बताया कि रियलिटी शो से प्रतिभाएं निकलती हैं, बशर्ते उन्हें मौका दिया जाए। उन्होंने कहा कि लता मंगेशकर जैसी हस्ती के सामने जब उन्होंने गायन की प्रतिभा दिखाई तो वह थोड़ा नर्वस थीं, लेकिन लता दीदी ने हौसला बढ़ाया।
16 साल की उम्र में रामगोपाल वर्मा की मस्त फिल्म में रुकी...रुकी सी जिंदगी.. झट से चल पड़ी... हुई हुई मैं मस्त... गीत ने उनके कॅरियर को नई दिशा दी, इसके बाद तो ...मुझे मस्त माहौल में जीने दो..., शीला की जवानी.... से लेकर तनु वेड्स मनु के मूव ऑन मूव आन.... तक करीब तीन हजार से अधिक गाने गा चुकी सुनिधि आजकल रियलिटी शोज में जज की भूमिका निभा रही हैं।
जज की भूमिका के बारे में पूछे जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि सबसे बड़ी चुनौती होती है कि असल टैलेंट सामने आए। इस टैलेंट को चार से पांच साल तक तराशा जाए तो बेहतर परिणाम सामने आते हैं।
उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री में गायन के लिहाज से वर्तमान को स्वर्णिम दौर बताया। उन्होंने कहा कि यह गायकों और श्रोताओं, दोनों के लिए बेहतर समय है। शाम को एशियन स्कूल में आयोजित कार्यक्रम में सुनिधि चौहान ने अपनी आवाज से श्रोताओं को खूब जादू चलाया। देर शाम तक श्रोता तालियों से उनका स्वागत करते रहे।