छात्रों को स्कूल से निकाल दिया गया, मजबूरी में छात्रों ने मंदिर समेत अन्य स्थानों पर रात बिताई। हालांकि स्कूल ने इस बारे में पहले ही अवगत करा दिया था। अभिभावकों का आरोप है कि 5 बजे तक बच्चे स्कूल परिसर में ही थे।
अचानक उन्हें बताया गया कि उन्हें बाहर जाना है जिसके बाद उन्होंने मंदिर में शरण ली। सैनिक स्कूल की प्रधानाचार्य कर्नल स्मिता मिश्रा का कहना था कि सभी छात्रों को स्कूल से पहले ही क्लेरेंस दे दिया गया था। उनका कहना था कि सब कुछ बता देने के बाद भी छात्रों को स्कूल परिसर में आने की कोई जरूरत नहीं थी।
प्रवेश पत्र परीक्षा केंद्र पहुंचाए जाएंगे
सैनिक स्कूल की प्रधानाचार्य कर्नल स्मिता मिश्रा का कहना है कि प्रवेश पत्र नियत समय पर परीक्षा केंद्र पहुंचा दिए जाएंगे। इस बारे में परीक्षा केंद्र प्रभारी को अवगत करा दिया गया है।