बृहस्पतिवार आधी रात से देश के विभिन्न शिवालयों में भगवान आशुतोष का जलाभिषेक शुरू हो जाएगा। शुक्रवार दिनभर जलाभिषेक कर सकते हैं। श्रावणी अमावस्या का गादली गंगा स्नान 26 जुलाई को होगा।
24 जुलाई को त्रयोदशी तिथि है और प्रदोष का व्रत है। इसी रात 11:55 बजे चतुर्दशी तिथि लगेगी। ठीक इसी समय से शिवालयों में जलाभिषेक शुरू हो जाएगा।
25 जुलाई रात तक होगा जलाभिषेक
25 जुलाई को सूर्योदय काल में चतुर्दशी तिथि रहेगी। अत: 25 जुलाई रात दो बजे तक जलाभिषेक चलता रहेगा। इस बार मृगशिरा और आर्द्रा नक्षत्रों में जलाभिषेक का योग है।
25 जुलाई को शिव चौदस अथवा श्रावण शिवरात्रि के पर्व मनाए जाएंगे। 25 जुलाई दोपहर 12:26 बजे तक आर्द्रा नक्षत्र रहेगा।
हरिद्वार आएंगे लाखों श्रद्धालु
ज्योतिषाचार्य पंडित विष्णु शर्मा ने बताया कि यह समय जलाभिषेक के लिए सर्वाधिक उत्तम है। अलबत्ता दिनभर किसी भी समय जलाभिषेक किया जा सकता है।
स्नान और दान की श्रावण अमावस्या 26 जुलाई को पुनर्वसु नक्षत्र में पड़ेगी। इस दिन लाखों श्रद्धालु गादली गंगा स्नान करने हरिद्वार आएंगे।