उत्तराखंड में गलोगी स्रोत और टोंस नदी पर बनने वाले सीवरेज प्लांट के खिलाफ लोगों ने आपत्ति उठानी शुरू कर दी है।
यहां होगी गंदे पानी की सप्लाई
उनका कहना है कि प्लांट ओवर फ्लो होने की स्थिति में करीब ढाई लाख की आबादी प्रभावित होगी। मसूरी, कैंट और राजपुर विधानसभा के लोगों को गंदे पानी की सप्लाई होगी।
जन प्रतिनिधियों ने इस पर एतराज जताते हुए डीएम से मुलाकात की बात कही है। गलोगी स्रोत और टोंस नदी से शहर और डिफेंस एरिया के साथ ही 18 ग्राम पंचायतों में भी सप्लाई होता है।
यहां का पानी पुरकुल होते आगे बढ़ता है, जिसे दूसरी लाइनों के जरिए बांटा गया है। स्रोत पर सीवरेज प्लांट बनाया जा रहा है। लोगों को डर है कि पूरे मसूरी का सीवर प्लांट में गिरेगा तो ये ओवर फ्लो हो जाएगा।
ऐसे में गंदगी गलोगी और टोंस नदी में गिरेगी, जिसके चलते लोगों को सीवर मिला पानी सप्लाई होगा। लोग इसकी शिकायत अफसरों से कर चुके हैं, लेकिन इस दिशा में कोई कार्रवाई नहीं दिख रही है।
प्लांट की क्षमता उतनी नहीं है कि वो मसूरी का पूरा सीवर ले सके। ओवरफ्लो होगा ही, ऐसे में हमने पेयजल निगम को सुझाव दिया था कि सीवरेज अलग लाइनों के जरिए आसपास के खेतों में डाल दी जाए। इससे समस्या भी दूर हो जाएगी और खेतों के लिए भी अच्छा रहेगा। इस दिशा में कोई जवाब नहीं आया है। अब डीएम के माध्यम से ही इस समस्या का हल निकलवाया जाएगा।
- गोदावरी थापली, निर्वतमान जिला पंचायत सदस्य, विजयपुर, हाथीबड़कला
सीवर ओवर फ्लो न करे, इसकी पूरी व्यवस्था कराई जा रही है। इलेक्ट्रिसिटी और जनरेटर की भी व्यवस्था हो रही है। इससे सीवर ओवरफ्लो नहीं होगा। लोग समस्या रख रहे हैं तो उनकी बात सुनने के बाद समाधान निकाला जाएगा।
- भजन सिंह, एमडी, पेयजल निगम
यह क्षेत्र होंगे प्रभावित
पुरकुल गांव, भगवंतपुर, सिगली, ग्लजवाड़ी, गजियावाला, विजयपुर, गोपीवाला, जोहड़ी गांव, मालसी, सिनौला, विलासपुर, कांडली, केशवपुर सहित राजपुर के 8 वार्ड और कैंट क्षेत्र आदि।