जितने रुपये में 22 कैरेट का जेवराती सोना आ जाए, उतने में यहां एक साड़ी मिल रही है। नेशनल हैंडलूम एक्सपो में कोलकाता की 22 हजार रुपये तक की साड़ियां खासी खरीदी जा रही हैं।
राजस्थान की साड़ी है खास आकर्षण
एक्सपो में सबसे खास आकर्षण राजस्थान की साड़ी का है। दून में इनका चलन न होने के बावजूद चटक रंग और डिजाइन से बनी इन साड़ियों को लेकर कुछ ज्यादा ही क्रेज है। मूंगा सिल्क और कोटा डोरिया महिलाओं को अधिक भा रहा है।
स्कूलों में छुट्टी के चलते एक्सपो की रौनक बढ़ी हुई है। परेड़ ग्रांउड में लगे इस नेशनल हैंडलूम एक्सपो में राजस्थान के साथ ही आंध्र प्रदेश, बिहार, उड़ीसा, कोलकाता, हिमाचल, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, की साड़ियों के स्टाल सबसे ज्यादा सजे हैं।
हर रेंज की साड़ियां
राजस्थान के स्टाल विक्रेता अहमद इमरान के मुताबिक ऐसा नहीं कि केवल महंगी साड़ियां ही यहां सजाई गई हों, हर किसी के बजट को माफिक आने वाली साड़ियां यहां मुहैया हैं। इनकी रेंज 350 रुपये से शुरू है।
साड़ियों के अलावा जयपुरी, राजस्थानी रजाई, कौसानी की शाल और खरगोश की खाल से बनाए स्वेटर, टोपी आदि सभी के आकर्षण के केंद्र बने हुए हैं।