हाईकोर्ट ने 31 दिसंबर 2016 को कोटद्वार क्षेत्र में वन कानून के उल्लंघन के आरोपी राजीव खन्ना, और समीर थापर सहित अन्य लोगों के जमानत प्रार्थना पत्र को स्वीकार कर लिया है। पूर्व में हाईकोर्ट ने त्वरित सुनवाई और दस दिन के नोटिस निर्धारित समय में छूट प्रदान करने के लिए दायर प्रार्थना पत्र को खारिज कर दिया था।
न्यायमूर्ति वीके बिष्ट की एकलपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। नई दिल्ली निवासी राजीव खन्ना, जयंत नंदा, समीर थापर, रंदीप मान, सिद्धार्थ शर्मा, राजीव जैन, रोनी भाट, राहुल राव, रोहित सिंह सागर, संदीप मान, महेंद्र सिंह ने हाईकोर्ट में जमानत प्रार्थना पत्र दायर किया था। इसमें एक अभियुक्त आरिफ हुसैन ने अपनी जमानत के लिए प्रार्थना पत्र दाखिल नहीं किया है।
प्रभारी निरीक्षक उत्तम सिंह जिमियाल कोतवाल कोटद्वार ने 1 जनवरी 2017 को दर्ज एफआईआर में कहा था कि राजीव खन्ना, रोहित सिंह सागर, जयंत नंदा, राजकमल, सुनील कुमार, राहुल राणा, नरेंद्र आनंद, मनोज सहगल, सिद्धार्थ सागर, समीर थापर, रंदीप मान, आरिफ हुसैन, मोहिन्दर सिंह आदि को गिरफ्तार किया था।
इन लोगों पर वन अधिनियम का उल्लंघन किया था। इस प्रकरण पर निचली अदालत ने 6 जनवरी 2017 को उनकी जमानत प्रार्थना पत्र को खारिज कर दिया था। पक्षों की सुनवाई के बाद हाईकोर्ट की एकलपीठ ने याचिकाकर्ताओं की जमानत प्रार्थना पत्र को स्वीकार कर लिया है।