आयुर्वेद चिकित्सा के माध्यम से गंभीर बीमारियों का इलाज करने के लिए सरकार ने आयुर्वेद विश्वविद्यालय को कैंसर, मधुमेह, रक्तचाप जैसी गंभीर बीमारियों पर शोध करने को कहा है।
इसके लिए अलग-अलग बीमारियों पर शोध करने के लिए प्रोफेसरों को जिम्मेदारी देने के लिए भी कहा है। सरकार का मकसद है कि प्रदेश में जिस प्रकार से मरीजों को ऐलोपैथिक में इलाज की सुविधा मिल रही है। उसी तरह आयुर्वेद में बीमारियों के इलाज क सुविधा मिले।
प्रदेश में आयुर्वेद चिकित्सा को बढ़ावा देने का प्रयास किया जा रहा है। आयुर्वेद विश्वविद्यालय के कुलपति को निर्देश दिए गए हैं कि कैंसर, मधुमेह और हाई ब्लड प्रेशर व अन्य बीमारियों पर शोध किया जाए। जिससे गांव-गांव में भी लोगों को आयुर्वेद से इलाज कराने की सुविधा मिल सके। चरकडांडा आयुर्वेद शोध संस्थान में वैज्ञानिकों के पद सृजित कर दिए हैं। जल्द ही यह संस्थान काम करना शुरू करेगा।
- डॉ. हरक सिंह रावत, आयुष मंत्री