तीन दिन तक रानीखेत स्थित हैड़ाखान आश्रम में रही अभिनेत्री प्रियंका चोपड़ा शुक्रवार को अपनी पसंदीदा बाल मिठाई के साथ कुमाऊं की खुशनुमा यादें लेकर लौट गईं। जाते वक्त उन्होंने सुरक्षा के लिए उत्तराखंड पुलिस का धन्यवाद दिया। लौटते वक्त उन्होंने कैंची धाम के दर्शन भी किए।
प्रियंका के कानूनी सलाहकार मनोज गोरकेला ने बताया कि शुक्रवार सुबह प्रियंका चोपड़ा ने हैड़ाखान मंदिर में आरती की। इसके बाद वहां दशहरा मनाया।
आश्रम में ही उन्होंने मुनिराज जी के परिजनों से मुलाकात की। कुछ देर उनसे बात करने के बाद प्रियंका ने तीन दिन तक उनकी सुरक्षा में लगे उत्तराखंड पुलिस के जवानों के साथ आश्रम में ही फोटो खिंचवाया।
करीब साढ़े आठ बजे वे रानीखेत के लिए निकलीं। रास्ते में कैंची धाम में मत्था टेका और वहां अपना फेवरेट जलजीरा पिया। इसके बाद उनका कारवां भीमताल से होते हुए हल्द्वानी पहुंचा। मनोज गोरकेला पिथौरागढ़ के डीडीहाट के रहने वाले हैं और सुप्रीम कोर्ट में वकालत करते हैं।
मनोज के अनुसार प्रियंका 12.30 बजे पंतनगर एयरपोर्ट पहुंची। जहां वीआईपी लाउंज में एसएसपी ऊधमसिंह नगर नीलेश भरणे और जेल अधीक्षक मनोज आर्या ने परिवार सहित प्रियंका से मुलाकात की। उन्होंने बातचीत में इन दोनों अधिकारियों से कहा कि बच्चों को स्पोर्ट्स में भेजकर मैरीकाम जैसा बनाना चाहिए।
सितारगंज खुली जेल घूमने जाएंगी प्रियंका
इसके बाद वे अपनी मां मधु चोपड़ा, भाई सिद्धार्थ और उसकी मंगेतर कनिका माथुर, बुआ सरोज भोगल सहित आठ लोगों के साथ चार्टर विमान से रवाना हो गईं।
मनोज के अनुसार प्रियंका को यहां की मीडिया और लोगों से मिलने में कोई आपत्ति नहीं थी। मगर भीड़ और धक्कामुक्की के डर से वे उनसे बचतीं रहीं।
फिल्म अभिनेत्री प्रियंका चोपड़ा भविष्य में सितारगंज स्थित खुली जेल घूमने आ सकती हैं। उन्होंने जेल अधीक्षक मनोज आर्या की ओर से सितारगंज खुली जेल को देखने के लिए दिया गया न्यौता स्वीकार कर लिया।
मनोज आर्या ने शुक्रवार को पंतनगर एयरपोर्ट के वीआईपी लाउंज में प्रियंका से परिवार सहित मुलाकात की। आर्या के साथ उनकी बेटी प्रियांशी, बेटा सिद्धार्थ और पत्नी भावना थीं।
उन्होंने प्रियंका को मोदी के नौ रत्नों में शामिल होने पर बधाई दी। प्रियंका चोपड़ा ने करीब 10 मिनट तक उनसे बातचीत की। सितारगंज खुली जेल के बारे में सुनकर प्रियंका काफी उत्साहित हुई।
उन्होंने वहां के कैदियों की जीवनशैली और जेल के कायदे की जानकारी ली। उन्होंने मनोज आर्या से वादा किया है जब भी उन्हें वक्त मिलेगा वे सितारगंज जेल घूमने जरूर आएंगी। प्रियंका उनके बेटे सिद्धार्थ से मिलकर भी काफी खुश हुईं, क्योंकि उनके भाई का नाम भी सिद्धार्थ है।