उपभोक्ताओं के हित में ही फैसला लिया जाएगा
वहीं, राहुल देव ने एमएसएमई सेक्टर को सीजनल करार देते हुए फिक्स चार्ज से राहत की मांग की। कई उपभोक्ताओं ने फूड प्रॉसेसिंग, हॉस्पिटैलिटी सेक्टर को भी अलग से सीजनल श्रेणी में शामिल करने की मांग की। जनसुनवाई के अंत में सदस्य तकनीकी प्रभात किशोर डिमरी ने कहा कि आयोग ने सभी का पक्ष सुन लिया है। उपभोक्ताओं के हित में ही फैसला लिया जाएगा।
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सरकार कर ले म्हारे से बात, एक रुपए से उप्पर न दे सकें किसान
जनसुनवाई में हरिद्वार, रुड़की व आसपास के क्षेत्रों से भारतीय किसान यूनियन(टिकैत) के प्रतिनिधियों ने बिजली दर बढ़ोतरी के प्रस्ताव पर विरोध जताया। यूनियन के संजय चौधरी ने कहा कि सरकार म्हारे से बात कर ले...हम एक रुपये से उप्पर न दे सकें। म्हारी भावनाओं को भी समझो। अन्न, ऑक्सीजन से लेकर सस्ता मीठा हम दैवें, म्हारे से ही लूट मचाई जा री। स्मार्ट मीटर भी म्हारे गांव में लगन नी देनेके।