विशेष राज्य के दर्जे के तहत केंद्रीय सहायता योजनाओं में 90:10 का अनुपात बहाल के मामले में अब श्रेय लेने की होड़ मची है। भाजपा ने इसे उत्तराखंड के प्रति केंद्र के उदार रवैये का परिणाम माना है। जबकि कांग्रेस ने इस मामले में केंद्र का आभार तो जताया, पर यह भी कहा कि प्रदेश सरकार की केंद्र के सामने जोरदार पैरवी का ही नतीजा है कि प्रदेश के विशेष राज्य का दर्जा बरकरार रह पाया है। दरअसल, विशेष दर्जे को लेकर कांग्रेस प्रदेश के प्रति भाजपा के सौतेले व्यवहार को भी मुद्दा बनाती आई है।
अमर उजाला के शनिवार के अंक में प्रदेश के विशेष राज्य का दर्जा बरकरार रहने की खबर प्रकाशित होने के बाद से सूबे की राजनीतिक खींचतान में एक नया पहलू जुड़ गया। भाजपा ने इसे प्रदेश के प्रति केंद्र का उदारवादी नजरिया करार दिया।
नैनीताल सांसद भगत सिंह कोश्यारी ने बताया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सामने राज्य के सांसदों ने यह बात रखी थी। साथ ही प्रदेश के मुख्यमंत्री हरीश रावत को भी यह प्रस्ताव दिया था कि इस मुद्दे पर सांसदों के साथ मिलकर प्रधानमंत्री से बात की जाए। उधर, नेता प्रतिपक्ष अजय भट्ट का कहना था कि इससे साफ हो गया है, प्रदेश सरकार राजनीतिक लाभ के लिए ही केंद्र सरकार पर सौतेले व्यवहार का आरोप लगा रही है। जबकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उत्तराखंड के दौरे पर आए थे तो उन्होंने इस पर आश्वासन भी दिया था।
कांग्रेस ने पीएम के साथ सीएम को भी दे डाला नंबर
हालांकि इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार कांग्रेस ने भी जताया है, लेकिन उसका इसमें पुट अलग है। मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा है कि फंडिंग पैटर्न में बदलाव से राज्य को फायदा मिलता है तो यह सराहनीय कदम है। जबकि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष किशोर उपाध्याय का कहना है कि कांग्रेस इस मामले में मुख्यमंत्री का भी आभार जताएगी।
मुख्यमंत्री के मीडिया प्रभारी सुरेंद्र कुमार के मुताबिक मुख्यमंत्री हरीश रावत ने विशेष राज्य का दर्जा बरकरार रखने के लिए केंद्र के सामने पुरजोर पैरवी की। नीति आयोग की बैठक में भी रावत ने प्रदेश सरकार का पक्ष मजबूती से रखा।
मुख्यमंत्री ने उत्तराखंड की ही नहीं, अन्य हिमालयी राज्यों की मांग को भी उठाया। ऐसे में फंडिंग पैटर्न में बदलाव से उत्तराखंड के साथ अन्य राज्यों को भी लाभ मिलेगा।
देखिए, क्या कहते हैं सत्तापक्ष और विपक्ष
केंद्र सरकार ने फंडिंग पैटर्न में बदलाव का जो फैसला किया है, उसके लिए प्रधानमंत्री बधाई के पात्र है। उनके दृष्टिकोण में जो परिवर्तन आया है, उत्तराखंड इसके लिए उनका आभारी है। मैं स्वयं इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का धन्यवाद करता हूं।
-हरीश रावत, मुख्यमंत्री
प्रदेश सरकार बार-बार यह आरोप लगाती है कि राज्य को मिलने वाला विशेष राज्य का दर्जा समाप्त कर दिया गया है। आज यह साफ हो गया कि 90:10 का अनुपात बरकरार रहेगा। केंद्र को गरियाने का काम तो राज्य सरकार करती रही है। अब उसे धन्यवाद देने का काम भी करना चाहिए।
-अजय भट्ट, नेता प्रतिपक्ष
कांग्रेस आरोप लगा रही थी कि केंद्र सरकार राज्य की उपेक्षा कर रही है, अब उसकी पोल खुल गई है। केंद्र सरकार की ओर से योजनाओं का विशेष लाभ उत्तराखंड को दिया गया है, इससे साबित होता है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को उत्तराखंड की चिंता है। केंद्र सरकार की ओर से उत्तराखंड को इतने लाभ दिए जा रहे हैं, जितना कि हरीश रावत केंद्र में मंत्री होते हुए भी प्रदेश को नहीं दिला पाए थे।
-पुष्कर सिंह धामी, भाजपा विधायक खटीमा।