डीएवी पीजी कालेज की जंग परिसर से निकलकर नेताओं तक पहुंच गई है। बुधवार को शिक्षा बचाओ संघर्ष समिति के तहत छात्र नेताओं का प्रतिनिधिमंडल तीन नेताओं से मिला। साथ ही छात्रों ने विरोध स्वरूप प्रबंधन सचिव जोगेंद्र स्वरूप की शवयात्रा निकालकर पुतला दहन किया।
कालेज में तालाबंदी रही
मेरिट पर दाखिले और सीटें बढ़ाने की मांग को लेकर बुधवार को भी कालेज में तालाबंदी रही। छात्र नेताओं ने पुतला दहन के बाद प्राचार्य से इंटरनल परीक्षाएं शुरू करने की गुहार लगाई। इस बीच छात्रों की प्राचार्य से तीखी नोकझोंक हुई। प्राचार्य डा. देवेंद्र भसीन का कहना था कि जब तक उनका कार्यालय और सभी विभाग नहीं खुलेंगे, तब तक परीक्षा से संबंधित कार्य नहीं किया जा सकता।
इसके बाद छात्रों के प्रतिनिधिमंडल ने पहले भाजपा नेता मुन्ना सिंह चौहान से मुलाकात की। चौहान ने आश्वासन दिया कि छात्रों के आंदोलन में वह उनके साथ हैं। उन्होंने कालेज प्रशासन से सीटों पर लगाम लगाने के प्रमाण दिखाने की बात कही। यहां से प्रतिनिधिमंडल ने मेयर विनोद चमोली से मुलाकात की।
मामले को लेकर मेयर ने प्राचार्य से बात की
मेयर ने मामले को लेकर प्राचार्य से फोन पर बात की। मामले के हल को लेकर मेयर बृहस्पतिवार को प्राचार्य से बात भी करेंगे। शाम को छात्रों ने कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत से मुलाकात की। रावत ने छात्रों को आश्वासन दिया कि वह कालेज प्रबंधन के नियम को लेकर मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा और प्रमुख सचिव उच्च शिक्षा राधा रतूड़ी से वार्ता करेंगे।