आधार कार्ड बनवाने के नाम पर हो रही लूट को रोकने के लिए अब किसी भी आधार केंद्र पर किसी की कोई पर्ची नहीं चलेगी। राजीव गांधी कॉम्प्लेक्स में चल रहे आधार सेंटर के कर्मचारियों की ओर से की जा रही वसूली पर मुख्य डाकघर और इलाहाबाद बैंक की ओर से इस संबंध में अपने कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश जारी कर दिए हैं।
दरअसल, डिस्पेंसरी रोड के समीप राजीव गांधी कॉम्प्लेक्स के प्रथम तल पर स्थित सीएससी सेंटर के कर्मचारी, आधार सेंटरों के कर्मचारियों से सांठ-गांठ कर आधार कार्ड बनाने के नाम पर जमकर वसूली कर रहे थे। अमर उजाला की टीम ने नौ जून को इस खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया। हाल यह था कि मुफ्त बनने वाले आधार कार्ड के लिए कॉम्प्लेक्स में बने सेंटर के कर्मचारी 200-250 रुपये की वसूली कर रहे थे। इतना ही नहीं रुपये देने के बाद भी लोगों को आधार सेंटर के चक्कर काटने पड़ रहे थे। लोगों ने आरोप लगाया था कि आधार कार्ड में नाम, पता और अन्य बदलाव करने के लिए 250 रुपये वसूले जा रहे हैं। जबकि किसी भी प्रकार के बदलाव के लिए मात्र 50 रुपये अदा करने पड़ते हैं। घंटाघर स्थित इलाहाबाद बैंक के मैनेजर जेपीएस रावत ने बताया कि आधार केंद्र पर बैठे कर्मचारी को साफ निर्देश दिए गए कि किसी भी पर्ची के आधार पर कार्ड न बनाए जाएं। उन्होंने बताया कि केंद्र में प्रतिदिन 60-70 लोगों के आधार कार्ड बनाए जा रहे हैं। डाकघर के सहायक पोस्ट मास्टर जनरल अनुसूया प्रसाद ने बताया कि डाकघर में टोकन प्राप्त करने वाले के ही आधार कार्ड बनाए जा रहे हैं। साथ ही कर्मचारियों को भी निर्देश दिए कि किसी भी प्रकार की पर्ची लाने वाले को बैरंग लौटाया जाएगा।