नीतेंद्र से पदक लाकर इतिहास बदलने की उम्मीद लगाए लोगों को रविवार को निराशा हाथ लगी। रियो ओलंपिक में रविवार को हुई मैराथन में नीतेंद्र 84वें नंबर पर रहे। जबकि भारत के ही टी गोपी ने 25वां और खेता राम ने 26वां स्थान हासिल किया।
रविवार को नीतेंद्र जब मैराथन पर उतरे तो उनसे हर किसी को पदक उम्मीद थी। यहां तक की नीतेंद्र के कोच सुरेंद्र भंडारी ने भी उनसे बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद जताई थी। बागेश्वर में भी सुबह से ही लोगों में मैराथन को लेकर काफी उत्साह था। नीतेंद्र की मैराथन में सर्वश्रेष्ठ टाइमिंग 2:15:18 सेकेंड है।
इससे उम्मीद लगाई जा रही थी कि यदि नीतेंद्र इस टाइमिंग को बरकरार रखते हैं तो वे टॉप 15 में जगह बना सकते हैं। रियो ओलंपिक में रविवार को मैराथन में नीतेंद्र ने 2:22 सेकेंड के साथ 84वां स्थान हासिल किया। जबकि भारत के ही टी गोपी ने 25वां और खेता राम ने 26वां स्थान हासिल किया। नीतेंद्र के कोच सुरेंद्र भंडारी का कहना है कि नीतेंद्र से काफी उम्मीद थी, पर शायद आज उसका दिन नहीं था।