भाजपा के पीएम इन वेटिंग नेता नरेंद्र मोदी की 15 दिसंबर की रैली पर हैलीकाप्टर से भी निगहबानी रहेगी। हेलीकॉप्टर से सुरक्षाकर्मी कोई भी अपडेट सीधे खुफिया अधिकारियों को देंगे। पुलिस और खुफिया विभाग ने इसकी रणनीति तैयार कर ली है।
मोदी की सुरक्षा पर पुलिस और सुरक्षा एजंसियों को पल-पल रणनीति बदलनी पड़ रही है। खुफिया सूचनाओं और गुजरात पुलिस से मंथन के बाद यह काम हो रहा है।
हैलीकाप्टर मंडराते रहेंगे
खुफिया विभाग के सूत्रों के अनुसार, रैली के दिन परेड ग्राउंड और शहर के ऊपर हैलीकाप्टर मंडराते रहेंगे। कितने हैलीकाप्टर होंगे, अभी इस पर अंतिम निर्णय नहीं हो पाया है। एक बार फिर हैलीपेड बनाने की जगह को बदलकर कुछ दूर पर शिफ्ट कराया जा रहा है।
दून पुलिस के अधिकारियों के साथ ही गुजरात पुलिस और सुरक्षा एजंसियां लगातार परेड ग्राउंड में कैंप किए हैं। यहां आने-जाने वाले हर सख्श पर नजर रखी जा रही है। बिना पड़ताल किए परेड ग्राउंड में नहीं घुसने दिया जा रहा है।
भीड़ बढ़ने की संभावना
खुफिया एजंसियों के मुताबिक भीड़ बढ़ने की संभावना है। इसके चलते रूट प्लान को भी बदला जा रहा है। शनिवार देर रात से ही परेड ग्राउंड और उसके आसपास का 400 मीटर का एरिया जीरो जोन घोषित हो जाएगा।
उसके बाद वहां कोई भी व्यक्ति बिना चेकिंग के नहीं जा पाएगा। मोदी के मंच पर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री भुवन चंद्र खंडूड़ी, डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक, प्रदेश अध्यक्ष तीरथ सिंह रावत, मेयर विनोद चमोली समेत चुनिंदा नेता ही रह पाएंगे।