त्रिवेंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी मेट्रो रेल, रोपवे और पीआरटी योजना का निर्माण कार्य दो चरणों में पूरा होगा। पहले चरण में हरिद्वार से ऋषिकेश और दूसरे चरण में नेपाली फार्म से देहरादून तक मेट्रो लाइन का निर्माण कार्य किया जाएगा। सरकार ने मेट्रो रेल का किराया भी प्रस्तावित कर दिया है। इसमें दो किमी. तक 20 रुपये प्रति यात्री किराया तय किया गया है।
यूएमटीए की बैठक में मेट्रो रेल, रोपवे और पीआरटी को मंजूरी दी गई है। हरिद्वार से ऋषिकेश और नेपाली फार्म से देहरादून तक मेट्रो रेल बनने से लोगों में आरामदायक सफर मिलेगा। वहीं, देहरादून में रोपवे और हरिद्वार में पर्सनल रेपिड ट्रांसपोर्ट (पीआरटी) यानी पॉड कार का निर्माण किया जाएगा। इससे लोगों को शहर में लगने वाले जाम से निजात मिलेगी। सरकार का मनाना है कि मेट्रो रेल 2024 तक तैयार हो जाएगी। वहीं, रोपवे और पीआरटी का निर्माण कार्य शुरू होने के एक साल के भीतर पूरा जाएगा।
हरकी पैड़ी से चंडी देवी और ऋषिकेश से नीलकंठ के लिए रोपवे की मंजूरी हरिद्वार के हरकी पैड़ी से चंडी देवी और ऋषिकेश से नीलकंठ के लिए रोपवे का निर्माण किया जाएगा। इन धार्मिक स्थलों के लिए रोपवे बनने से पर्यटन को बढ़ावा मिलेेगा।
दूरी प्रस्तावित किराया प्रति यात्री
0-2 किमी. 20 रुपये
2-5 किमी. 30 रुपये
5-12 किमी. 50 रुपये
12-21 किमी. 60 रुपये
21-32 किमी. 80 रुपये
32 किमी से अधिक 100 रुपये
देहरादून में रोपवे के लिए ये होंगे रूट
देहरादून शहर में सामान्य परिवहन के लिए रोपवे प्रणाली को मंजूरी मिल गई है। एफआईआर से घंटाघर होकर रिस्सना और आईएसबीटी से घंटाघर होकर कंडोली, मधुबन होटल तक रोपवे बनाने की योजना है।
मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई यूएमटीए की बैठक में मेट्रो रेल परियोजना को मंजूरी दी गई है। दो चरणों में यह परियोजना पूरी होनी है। इसके लिए अब डीपीआर तैयार की जाएगी। हम यह मानकर चल रहे हैं कि समय से प्रक्रियाएं पूरी हुई तो हरिद्वार और ऋषिकेश के बीच का 33 किलोमीटर ट्रेक वर्ष 2024 तक पूरा कर लेंगे। नेपाली फार्म से देहरादून प्रोजेक्ट दूसरे चरण में किया जाएगा। देहरादून शहर में रोपवे निर्माण भी पहले चरण में होगा। इसके लिए दिल्ली मेट्रो से सहयोग लिया जा रहा है।
- मदन कौशिक, कैबिनेट मंत्री