फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शातिर गिरफ्तार: एक्ट्रेस अमृता सिंह के मामा की फर्जी वसीयत बनाने वाला अरेस्ट, बेशकीमती है मधुसूदन 'मामू' की यह संपत्ति

Thu, 02 Jun 2022 11:11 PM IST
Vikas Kumar माई सिटी रिपोर्टर, देहरादून

सार

आरोपी राजेंद्र सिंह मूल रूप से सहारनपुर के मोहिद्दीनपुर, थाना नकुड़ का निवासी है। आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। 
विज्ञापन
अमृता सिंह/ मधुसूधन - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

अभिनेत्री अमृता सिंह के मामा की फर्जी वसीयत बनाने वाले आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने वसीयत के आधार पर संपत्ति को बेचने की कोशिश भी की थी। इस बेशकीमती संपत्ति को लेकर पहले भी विवाद हो चुका है। तीन साल पहले भी जालसाजी के मुकदमे में एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया था।

विज्ञापन


क्लेमेंटटाउन थाना क्षेत्र में अमृता सिंह के मामा मधुसूदन बिंबट की 20 बीघा जमीन है। इस जमीन पर वह अकेले रहते थे। 19 जनवरी 2019 को मधुसूदन बिंबट की मौत हो गई थी। इसके बाद से संपत्ति पर लगातार भूमाफिया की नजर है। बिंबट की मृत्यु के बाद सितंबर 2019 में भी एक मुकदमा दर्ज कर किया गया था। एक व्यक्ति ने इस संपत्ति का सौदा कर दिया था। वहीं, गत 17 मार्च 2022 को अमृता सिंह की मौसी ताहिरा बिंबट ने पुलिस से शिकायत की थी।

उन्होंने पुलिस को बताया था कि उनके भाई की राजेंद्र सिंह ने फर्जी वसीयत बनाई है। इस आधार पर क्लेमेंटटाउन थाने में जालसाजी का मुकदमा दर्ज कराया था। थानाध्यक्ष दीपक कठैत ने बताया कि बृहस्पतिवार को आरोपी राजेंद्र सिंह को कारगी चौक के पास से गिरफ्तार कर लिया गया है। राजेंद्र सिंह मूल रूप से सहारनपुर के मोहिद्दीनपुर, थाना नकुड़ का निवासी है। आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। 
विज्ञापन

 

विज्ञापन

बिंबट की मृत्यु के बाद से शुरू हुआ विवाद

बिंबट की मृत्यु के बाद से ही उनकी संपत्ति को लेकर विवाद शुरू हो गया था। अमृता सिंह और उनकी मौसी ताहिरा बिंबट ने संपत्ति पर अपना मालिकाना हक जताते हुए एक बोर्ड लगा दिया था, लेकिन इस पर कुछ लोगों की दृष्टि लगातार बनी हुई थी। ताहिरा और अमृता सिंह जब देहरादून आईं, तब भी यहां लोगों ने खूब हंगामा किया था। कोई खुद को मुख्तारेआम बता रहा था तो कोई बिंबट का नातेदार बताकर संपत्ति पर हक जताने में लगा था।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें