नंदा राजजात यात्रा स्थगित किए जाने को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। इस संबंध में आज महापंचायत की गई है। नंदा राजजात हर 12 वर्ष में आयोजित होने वाली सबसे लंबी पैदल यात्रा है। 280 किमी लंबी यह यात्रा 20 दिन चलनी थी। लेकिन अब समिति का कहना है कि यह जात इस वर्ष नहीं हो सकेगी।
मां नंदा धाम कुरुड़ को पर्यटन मानचित्र पर उच्च स्थान देने सहित नंदाजात 2026 को लेकर विवाद के बीच नंदा नगर ब्लॉक सभागार में 484 गांव की महापंचायत हुई। महापंचायत में निर्णय लिया गया कि नंदा की बड़ी जात इसी वर्ष होगी। मां नंदा देवी सिद्धपीठ मंदिर कुरुड़ आयोजन समिति का हुआ गठन। कर्नल (सेनि) हरेंद्र सिंह रावत को सर्वसम्मति से अध्यक्ष चुना गया। निर्णय लिया गया कि आगामी 23 जनवरी वसंत पंचमी पर बड़ी जात का मुहूर्त निकाला जाएगा और जात भव्य रूप से संचालित की जाएगी।
कांसुवा-नौटी से होमकुंड और वापस नौटी तक होने वाली सचल महाकुंभ श्रीनंदा देवी राजजात का इंतजार बढ़ गया है। बीते तीन वर्षों से समिति ने इस वर्ष अगस्त-सितंबर माह में यात्रा प्रस्तावित की थी लेकिन अब इसे स्थगित कर दिया गया है। रविवार को कर्णप्रयाग में आयोजित श्रीनंदा देवी राजजात समिति की कोर कमेटी की बैठक की गई।