राज्य गठन के बाद उत्तराखंड में विधानसभा हो या लोकसभा चुनाव। किसी भी चुनाव में मतदान 70 प्रतिशत के पार नहीं हुआ है। 2019 के लोकसभा चुनाव के आंकड़ों को देखें तो उत्तराखंड में मतदान का प्रतिशत राष्ट्रीय औसत से 5.90 प्रतिशत कम रहा। जबकि 2014 के चुनाव की तुलना में मतदान प्रतिशत में बढ़ोतरी दर्ज की गई।
लोकतंत्र के सबसे बड़े पर्व में शत प्रतिशत मतदाताओं की भागीदारी करने पर निर्वाचन आयोग का फोकस है। इसके लिए मतदाता जागरूकता अभियान भी चलाए जा रहे हैं। लेकिन उत्तराखंड राज्य बनने के बाद हुए लोकसभा और विधानसभा चुनाव का इतिहास रहा है कि किसी भी चुनाव में 70 प्रतिशत मतदान नहीं हुआ है।
2019 के लोकसभा चुनाव में प्रदेश की पांच सीटों पर कुल 61.50 प्रतिशत मतदान हुआ। जो राष्ट्रीय मतदान प्रतिशत से 5.90 प्रतिशत कम है। राष्ट्रीय स्तर पर 67.40 प्रतिशत मतदान हुआ था। वहीं, 2022 के विधानसभा चुनाव में कुल 65.37 प्रतिशत मतदान हुआ। जो 2017 के चुनाव में 65.56 प्रतिशत से कम है। मतदान प्रतिशत बढ़ाने के लिए निर्वाचन आयोग की ओर से प्रदेशभर में जागरूकता कार्यक्रमों को चला कर मतदाताओं को मताधिकार का प्रयोग करने के प्रोत्साहित किया जा रहा है।