अकेले रहने वाले बुजुर्ग और छात्र फ़ोन पर खाना मांगा सकेंगे। यह सुविधा सिर्फ सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक ही मुहैया हो सकेगी। जिलाधिकारी ने इस संबंध में बुधवार शाम को आदेश जारी किए हैं। जबकि, शहर में आवश्यक वस्तुओं की दुकानें वही सुबह सात बजे से 10 बजे तक खुली रहेंगी। कोरोना वायरस के मरीजों का इलाज करने के लिए होटल द्रोण का अधिग्रहण किया गया है।
जिलाधिकारी डॉ आशीष श्रीवास्तव ने बताया कि जो बुजुर्ग खाना बनाने में अक्षम है वह जिला अभिहित अधिकारी गणेश खंडवा को फोन कर अपने लिए खाना मंगा सकते हैं। इसके अलावा जो छात्र जिनके जिनके पास खाना बनाने की सुविधा नहीं है वह भी नगर निगम की अपर नगर आयुक्त सानिया पंत को फोन पर अपना खाना मंगा सकते हैं। इसके अलावा पुलिस कंट्रोल रूम को फ़ोन कर भी खाना मंगाया जा सकता है। जिन्हें पशुओं का चारा आदि चाहिए वह मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ एस बी पांडे को फोन कर पशुओं का चारा आदि मंगा सकते हैं।
जिलाधिकारी ने बताया कि आई आर एस की तर्ज पर कोविड-19 रिस्पॉन्स टीम का भी गठन किया गया है। जिले में जो डॉ. वायरस से पीड़ित लोगों का इलाज कर रहे हैं उनके प्रवास के लिए होटल द्रोण का अधिग्रहण किया गया है होटल में वह सभी डॉ. रुक सकते हैं। जिले में निर्बाध विद्युत आपूर्ति के लिए उत्तराखंड पावर कारपोरेशन को निर्देशित किया गया है कि वह रोस्टर बार अपने कर्मचारियों को नियुक्त करें।