निजी सेक्टर के सामने चुनौतियां भी होंगी, सबसे बड़ी चुनौती तो श्रमिकों से सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराना होगा। साथ ही उनके निर्माण स्थल पर ही आवास की व्यवस्था कराना भी आसान नहीं है।
प्रदेश में सरकारी और निजी क्षेत्र के निर्माण कार्यों को केंद्र सरकार की गाइड लाइन के अधीन मंजूरी दे दी गई है। जिलाधिकारी अपने स्तर पर तय करेंगे कि कहां क्या करना है। सोशल डिस्टेंसिंग का हर हाल में पालन करना होगा।
- अमित सिंह नेगी, सचिव आपदा प्रबंधन