उत्तराखंड की हरीश रावत सरकार शायद पहली कांग्रेस की सरकार होगी जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ सौतेला व्यवहार का आरोप लगाने जा रही है।
उत्तराखंड के प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष किशोर उपाध्याय ने तो यहां तक कहा है कि अगर उनकी सरकार की मांगें नहीं पूरी होगी तो वह पीएम आवास के बाहर धरने पर बैठ जाएंगे।
दरअसल, पिछले दस सालों में भाजपा की राज्य सरकारों ने केंद्र में रही यूपीए सरकार के खिलाफ जो विरोध की भूमिका निभाई है उसे अब कांग्रेस की सरकारें निभाने जा रही हैं। इसकी शुरुआत उत्तराखंड की कांग्रेस सरकार कर सकती है।
इसके साथ ही किशोर उपाध्याय ने त्रिपाठी आयोग की रिपोर्ट पर राज्य की रावत सरकार से विचार करने के लिए कहा है। उन्होंने कहा कि रिपोर्ट के खुलासे पर सीबीआई जैसी निष्पक्ष संस्था से जांच होनी चाहिए।
सोनिया-राहुल से मिले उत्तराखंड के पंचायत प्रतिनिधि
उत्तराखंड में कांग्रेस सरकार के आने के बाद भाजपा शासनकाल में कथित तौर पर भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच को लेकर त्रिपाठी आयोग बना था।
उपाध्याय कहते हैं कि प्रदेश के विकास के लिए कई योजनाएं लंबित पड़ी हैं लेकिन सत्ता बदलने के बाद उत्तराखंड के प्रति केंद्र सरकार का रवैया बेहद दु:खद है।
दुख की बात तो यह भी है कि भाजपा के एक राष्ट्रीय पदाधिकारी ने तो यहां कह दिया है कि उत्तराखंड के मुख्यमंत्री हरीश रावत भिखारी की तरह राज्य के लिए पैसे मांगते हुए रोज प्रधानमंत्री को चिट्ठी लिख देते हैं।
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री हरीश रावत और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष किशोर उपाध्याय के नेतृत्व में कांग्रेस के हाल के चुनाव जीते पंचायत प्रतिनिधियों ने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाकात की।
सोनिया ने खुद ही मुख्यमंत्री से इस प्रतिनिधिमंडल को बुलाने के लिए कहा था। सोनिया और राहुल दोनों ने प्रतिनिधियों को जीत की बधाई दी और प्रदेश में कांग्रेस को मजबूत करने का आह्वान किया। इस दौरान कांग्रेस महासचिव अंबिका सोनी, संजय कपूर आदि भी मौजूद थे।
दस जनपथ से होगा रास उम्मीदवार तय
उत्तराखंड की एक राज्यसभा सीट के लिए अब तक कांग्रेस से चार उम्मीदवारों के नाम सामने आए हैं। उम्मीदवार पर फैसला पूरी तरह से दस जनपथ (सोनिया गांधी) पर छोड़ दिया गया है।
राज्यसभा की उम्मीदवारी दाखिल करने के लिए 10 नवंबर तक का समय है। इसके लिए पूर्व सीएम विजय बहुगुणा, प्रकाश जोशी, धीरेंद्र प्रताप और दलित-महिला आशा टम्टा अपनी दावेदारी ठोंक रहे हैं।
कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी, प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय और सीएम हरीश रावत से किसी दलित को उम्मीदवार बनाने की मांग करने वाली आशा टम्टा बुधवार अपनी दावेदारी लेकर राज्यपाल अजीज कुरैशी के पास भी पहुंचीं।
उधर दो दिनों तक राज्यसभा उम्मीदवारी पर रायशुमारी और माथापच्ची कर लौटीं कांग्रेस प्रदेश प्रभारी अंबिका सोनी जल्द ही सोनिया गांधी से मिलकर अपनी रिपोर्ट सौंपेगी।
अबिका सोनी बुधवार को पंचायत प्रतिनिधियों के साथ सोनिया गांधी से मिलीं जरूर, लेकिन इस दौरान राज्यसभा पर बातचीत नहीं हुई।