भगवान केदारनाथ की यात्रा में इस वर्ष नया अध्याय जुड़ा है। यात्रा के इतिहास में पहली बार सात लाख 30 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने बाबा केदार के दर्शन किए हैं। छह माह तक संचालित केदार यात्रा ने पहले दिन से ही रफ्तार पकड़नी शुरू कर दी थी।
29 अप्रैल से 9 नवंबर तक चली बाबा केदार की यात्रा में देश-विदेश के श्रद्धालुओं में पहले दिन से खासा उत्साह देखने को मिला। कपाट खुलने के दिन ही 25073 श्रद्धालुओं ने बाबा केदार के दर्शन किए, जो यात्रा इतिहास में एक दिन में दर्शनार्थियों की संख्या का नया रिकॉर्ड बना।
अकेले मई में ही 4 लाख 60 हजार श्रद्धालु बाबा केदार के दर्शन को केदारनाथ पहुंचे। यही नहीं जून 2013 की आपदा के बाद इस वर्ष पहला मौका रहा, जब भारी बरसात में गौरीकुंड-केदारनाथ पैदल मार्ग पर एक भी दिन यात्रा नहीं रुकी।
यात्रा ने कारोबार को भी नई रफ्तार दी। यात्रा के पहले माह में केदारघाटी में गुप्तकाशी से गौरीकुंड तक संचालित होटल, लॉज और रेस्टोरेंट को शत-प्रतिशत बुकिंग मिली। दूसरी तरफ श्रीबदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति को भी यात्राकाल में लगभग 12 करोड़ से अधिक रुपये की आय हुई।
केदारनाथ यात्रा का बीते सात वर्ष का वर्षवार आंकड़ा
वर्ष यात्री
2012 5,83,167
2013 3,12,201
2014 40,833
2015 1,54,430
2016 3,09,746
2017 4,71,235
2018 7,30,456
इनका कहना है --
इस वर्ष केदारनाथ यात्रा हर मायने में खास रही है। यात्रा के इतिहास में दर्शनार्थियों का नया रिकॉर्ड बना। रोजगार व कारोबार की दृष्टि से लाभकारी साबित हुई है, जो सुखद है। आगामी समय में यात्रा को और व्यवस्थित बनाने के प्रयास किए जाएंगे।
मंगेश घिल्डियाल, जिलाधिकारी रुद्रप्रयाग