राजनीति नजर आ रही
कहा कि श्रीकेदारनाथ धाम के नाम से एक ट्रस्ट है, जो दिल्ली में केदारनाथ धाम मंदिर बना रहा है और सीएम पुष्कर सिंह धामी उसके शिलान्यास में शामिल होते हैं, जो सरासर धाम का अपमान है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार और बीकेटीसी पूरे मामले में अपने को बचाव का प्रयास कर रहे हैं।
आचार्य संतोष त्रिवेदी ने कहा कि केदारनाथ विधायक शैलारानी रावत के निधन के चलते अब उप चुनाव होना है, इसे देखते हुए भाजपा के कुछ लोग ऐसे बयान दे रहे हैं, जिससे वह यह संदेश देने प्रयास कर रहे हैं कि वह केदारनाथ धाम के पक्ष में हैं, पर हकीकत में ऐसा नहीं है। उन्हें सिर्फ राजनीति नजर आ रही है।
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इधर, गुप्तकाशी में विरोध प्रदर्शन करते हुए जनप्रतिनिधियों के साथ तीर्थपुरोहित, व्यापारियों ने प्रदेश सरकार और श्रीबदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति का पुतला भी फूंका। इस मौके पर जिला पंचायत सदस्य विनोद राणा, गणेश तिवारी, व्यापार संघ जिला उपाध्यक्ष मदन सिंह रावत सुभाष अंथवाल सहित केदारनाथ यात्रा से जुड़े होटल, लॉज व्यवसायी, घोड़े-खच्चर संचालक, पशु स्वामी मौजूद रहे।