पशुओं के लिए प्रीफेब्रिकेटेड काऊ शेड तैयार
नगर में भू धंसाव से प्रभावित परिवारों के मवेशियों के लिए पशुपालन विभाग ने सुनील वार्ड में प्रीफेब्रिकेटेड काऊ शेड बना लिया है। जिन पशुपालकों की गौशाला क्षतिग्रस्त हुई है उनके पशुओं को इस शेड में रखा जाएगा।
मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डा. प्रलयंकर नाथ ने बताया कि यह काऊ शेड सुरक्षित स्थान पर बनाया गया है। उन्होंने बताया कि आपदा प्रभावित पशुपालकों को चारे के बैग वितरित किए जा रहे हैं। अभी तक 150 चारा बैग वितरित किए जा चुके हैं। साथ ही पशु चिकित्सक प्रभावित क्षेत्र के पशुओं का निरंतर स्वास्थ्य परीक्षण कर रहे हैं। अभी तक 84 पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण किया जा चुका है।
आपदा में सरकारी परिसंपत्तियों को भी हुआ करोड़ों का नुकसान
भू-धंसाव से सरकारी परिसंपत्तियों को भी भारी नुकसान पहुंचा है। सबसे ज्यादा नुकसान जल संस्थान को हुआ है। संस्थान की कई पेयजल योजनाएं क्षतिग्रस्त हुई हैं। विभाग की ओर से नई पेयजल योजनाओं के लिए शासन से 4 करोड़ 90 लाख रुपये की डिमांड की है। जिलाधिकारी हिमांशु खुराना ने आपदाग्रस्त क्षेत्रों में विभागों को हुए नुकसान का आंकलन कर शीघ्र इस्टीमेट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
भू-धंसाव से जल निगम को 40 लाख रुपये, जल संस्थान को 4 करोड़ 90 लाख रुपये, लोक निर्माण विभाग को 3 करोड़ 80 लाख रुपये, ऊर्जा निगम को 2 करोड़ 15 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। डीएम हिमांशु खुराना ने कहा कि आपदा से सरकारी परिसंपत्तियों को भी नुकसान पहुंचा है। इसका आंकलन किया जा रहा है। सीबीआरआई की रिपोर्ट के आधार पर असुरक्षित भवनों व योजनाओं का इस्टीमेट तैयार किया जा रहा है। सभी विभागों से इस्टीमेट मिलने पर उसे शासन को भेज दिया जाएगा।