इधर सोने में उछाल हुआ और उधर आम आदमी के लिए मुश्किलें बढ़ गई हैं। ज्वेलर्स ने अधिक मुनाफा कमाने के लिए नई बुकिंग लेने के बजाय गोल्ड को होल्ड कर लिया है।
माल दबाया तो मिलेगा लाभ
ऐसा वह रेट बढ़ने की आस में कर रहे हैं। उधर, इंपोर्ट ड्यूटी दो फीसदी बढ़ने और आठ प्रतिशत से 10 प्रतिशत पहुंचने के बाद अब नए आर्डर पर महंगाई की कैंची लग गई है।
लोगों ने अचानक नए आर्डर से भी कन्नी काट ली है। ज्वेलर्स खुद इस बात को स्वीकार रहे हैं। उनकी मानें तो सरकार का इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ाने का कदम सोने की तस्करी को बढ़ावा देने वाला है।
ग्राहकों को धक्का
इससे आम आदमी को नुकसान के अलावा कुछ हाथ नहीं लगेगा। शादी-ब्याह के साथ ही त्योहारी सीजन दस्तक दे रहा है। ऐसे में ज्वेलर्स के द्वारा बुकिंग बंद कर दिए जाने से ग्राहकों को बड़ा धक्का पहुंचना तय है।
आम आदमी कहां जाए, जवाब किसके पास
रेणुका की बेटी तनु की शादी इस साल दिसंबर में होनी तय है। बीच में सोने के रेट गिरने पर उन्होंने उसके लिए जरूरी जेवरात की बुकिंग करा दी थी। वह अब इसलिए राहत महसूस कर रही हैं।
उनके मुताबिक सोने की कीमतें इंटरनेशनल मार्केट से तय होती हैं। इनमें चढ़ाव-उतार का कुछ पता नहीं। अब ज्वेलर्स बुकिंग करने से कतरा रहे हैं। ऐसे में जिसके घर में शादी-ब्याह या कोई और फंक्शन है वह आम आदमी कहां जाए, इसका जवाब किसके पास है? कौन देगा?
ज्वेलर्स तो मुनाफा कमाने की सोचेंगे ही
हां यह सच है कि कई ज्वेलर्स ने अब नई बुकिंग लेनी बंद कर दी है। सोने का रेट इस वक्त फिर टाप गियर में चलना शुरू हो गया है। इंटरनेशनल मार्केट पर नजर डालें तो यह ट्रेंड अभी बरकरार रहने की उम्मीद है। ऐसे में ज्वेलर्स अधिकाधिक मुनाफा हासिल करने की सोचेगा ही।
-प्रवीण जैन, अध्यक्ष, देहरादून सराफा मंडल