-मध्य प्रदेश 526 बाघों के साथ पहले स्थान पर रहा। यहां बाघों के संरक्षण में 2014 के मुकाबले 2018 में 70.8 प्रतिशत वृद्धि दर्ज की गई है। वहां 2014 में 308 बाघ थे।
-कर्नाटक ने 524 बाघों के साथ दूसरा स्थान हासिल कर लिया। कर्नाटक ने 29.1 प्रतिशत वृद्धि दर्ज की।
- उत्तराखंड ने बाघों के संरक्षण में 25.1 प्रतिशत वृद्धि की।
नंधौर अभयारण्य बाघों को रास आया
उत्तराखंड में बाघों की वृद्धि में पश्चिमी वृत्त के नंधौर वन्यजीव अभयारण्य का भी योगदान है। नंधौर वन्यजीव अभयारण्य में 2014 की गणना के मुकाबले 2018 में बाघों की संख्या में वृद्धि हुई। 2014 में अभयारण्य में 11 बाघ थे, जबकि 2018 में बाघों की संख्या बढ़कर 27 हो गई।
| वर्ष |
संख्या |
| 2018 |
442 |
| 2014 |
340 |
| 2011 |
227 |
| 2010 |
199 |
| 2008 |
179 |
दो साल में 16 बाघों की मौत
गैर सरकारी संगठन डब्ल्यूपीएफआई के मुताबिक उत्तराखंड में दो साल में 16 बाघों की मौत हुई है। इनमें 2018 में नौ और 2019 में सात बाघ शामिल हैं। इसमें शिकार और स्वाभाविक मौत के आंकडे़ शामिल हैं।