आईसीएसई 10वीं और आईएससी 12वीं में टॉप करने वाले हों या 95 से ऊपर अंक हासिल करने वाले होनहार, उनके बीच अब डॉक्टर और इंजीनियर बनने का उत्साह कम हो गया है। होनहार अब सिविल सेवा में जाकर देश की सेवा करना चाहते हैं।
12वीं में 99 प्रतिशत अंक हासिल करने वाले अभिज्ञान का कहना है कि वह विदेश से इंजीनियरिंग की पढ़ाई करने के बाद सिविल सेवा परीक्षा देना चाहते हैं। वहीं, 12वीं में 98.2 प्रतिशत अंक हासिल करने वाली ब्राइटलैंड सकूल की सान्वी गुप्ता का कहना है कि वह इकोनोमिक्स ऑनर्स करने के बाद इसी दिशा में अपना कॅरियर बनान चाहती हैं। 10वीं में 98 प्रतिशत अंक हासिल करने वाले पायस अरोड़ा भी 12वीं के बाद एस्ट्रोनोमी के क्षेत्र में शोध करना चाहते हैं।
12वीं में 97.50 प्रतिशत अंक हासिल करने वाली सान्या कपूर गणित में ऑनर्स करना चाहती हैं। इसी प्रकार, 12वीं में 97.75 प्रतिशत अंक हासिल करने वाली श्रेया मनुजा मैथ्स ऑनर्स करना चाहती हैं। चुंनिदा छात्र-छात्राएं ही ऐसे मिले, जो कि डॉक्टर या इंजीनियरिंग जैसे परंपरागत कोर्स करना चाहते हैं।