शासन में गैर आईएएस को सचिव बनाने के मुद्दे पर आईएएस एसोसिएशन ने अपनी रणनीति में बदलाव करते हुए अब न्यायालय जाने का रास्ता अपनाया है। एक-दो दिन में दिल्ली कैट या फिर दिल्ली हाईकोर्ट में रिट याचिका दाखिल होगी।
इससे पहले एसोसिएशन की तरफ से प्रदेश के मुख्य सचिव, कार्मिक विभाग के प्रमुख सचिव, केंद्र में डीओपीटी के सचिव और आल इंडिया आईएएस एसोसिएशन के सचिव को एक प्रत्यावेदन भेजा गया था। अब इसी को आधार बनाते हुए दिल्ली कैट या दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दाखिल होगी।
इसमें डीओपीटी को भी पार्टी बनाया जाना है, इसलिए नैनीताल के बजाय दिल्ली हाईकोर्ट का विकल्प ज्यादा बेहतर लगा।
शासन में इस समय सचिव के पद पर भारतीय विदेश सेवा के विनोद फोनिया पिछले सात साल से कार्यरत हैं। पूर्व मुख्य सचिव सुभाष कुमार उन्हें और दो वर्ष का एक्सटेंशन दिए जाने की फाइल को मंजूरी देकर गए हैं। अब इस फाइल के आधार पर प्रत्यावेदन केंद्र को भेजा जाएगा। हालांकि नए मुख्य सचिव को अभी इसकी भनक नहीं है।
सचिव पद पर दूसरे गैर आईएएस, दूर संचार सेवा के अफसर दीपक गैरोला हैं। इनका ताजा मामला है। एसोसिएशन इन्हीं के मामले को लेकर ज्यादा मुखर है। इसी मामले को रिट दाखिल करने का आधार बनाया जा रहा है।