सोमवार को हरकी पैड़ी आने-जाने वाले प्रत्येक रास्ते, संपर्क मार्ग पूरी तरह कांवड़ियों के रंग में नजर आए। राष्ट्रीय राजमार्ग पर भी गेरुवा रंग ओर गाढ़ा होता जा रहा है। शहर और इसके चारों तरफ बोल बम के जयकारे और डाक कांवड़ के शोर से पूरी शहर की आबादी घरों में ‘कैद’ हो गई है।
कोई किसी काम से घर से निकलने की हिम्मत कर भी पा रहा है तो डाक कांवड़ के रेले की वजह से संपर्क मार्ग और हाईवे पार नहीं कर पा रहे हैं।
प्रेमनगर आश्रम चौराहे के बाद हरकी पैड़ी की तरफ जाने वाले सभी चौराहे, दोराहे, गली, रास्ते और नहर किनारे की ऐसी पटरियां जिनसे शहर के लोग भी जाना पसंद नहीं करते वहां से सोमवार तड़के से देर शाम तक शिवभक्त कतारों में निकलते रहे।