फार्मासिस्टों और लैब टेक्नीशियनों की हड़ताल ने दून, दून महिला और कोरोनेशन अस्पतालों की सेहत बिगाड़ दी है। डाक्टरों ने मरीजों को देखा जरूर, लेकिन न तो उनकी पैथोलाजी जांचें हो सकीं, न ही दवाएं मिलीं।
तीनों अस्पतालों में कामकाज ठप
सोमवार सुबह से ही फार्मासिस्टों ने तीनों अस्पतालों में कामकाज ठप कर दिया था। फार्मासिस्ट एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने कहा कि सरकार उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दे रही, ऐसे में दवा वितरण बंद किया जा रहा है।
प्राइवेट अस्पतालों की तरफ रुख
अस्पताल में दवाएं न मिलने पर बड़ी संख्या में मरीज प्राइवेट मेडिकल स्टोरों पर पहुंचे लेकिन वहां भी दून अस्पताल के चिकित्सकों की लिखी कई दवाएं नहीं मिलीं। दून अस्पताल के जन औषधि केंद्र पर लंबी लाइनें लगी रही।
खून, पेशाब आदि की जांच कराने के लिए भी लोगों को प्राइवेट लैब की शरण में जाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। प्रदेश स्तर का मामला होने के कारण स्थानीय प्रशासन कुछ भी कहने के लिए तैयार नहीं है।