होली की बहार है। लेकिन बाजार में सिंथेटिक रंगों की भरमार है। यह त्वचा और आंखों के साथ ही बालों को भी नुकसान पहुंचा सकते हैं। इनमें कांच, एसिड, केमिकल आदि मिला होता है।
आयुर्वेद विशेषज्ञ डा. प्रताप चौहान के मुताबिक बेहतर है कि हर्बल रंगों से होली खेली जाए। रंगों को घर में भी बनाया जा सकता है।
यूं बनाएं घर में रंग...
हरा रंग : पालक, पुदीने और नीम की पत्तियों को गर्म पानी में मिला लें। हरा रंग तैयार होगा। पालक, पुदीने और नीम की पत्तियों को सुखाकर पीसकर इन्हें सूखे रंग की तरह प्रयोग कर सकते हैं।
पीला रंग : गेंदा के फूल की पत्तियों को तोड़कर पीस लें। इसमें हल्दी का भी प्रयोग कर सकते हैं। इससे पीला रंग मिलेगा। इसका इस्तेमाल त्वचा के लिए भी अच्छा है।
काला रंग : काले अंगूर और आंवले को टुकड़ों में काट लें। उबलते पानी में इन टुकड़ों को डाल लें। इससे होली के लिए काला रंग तैयार होगा।
लाल रंग : उबलते पानी में चुकंदर की कुछ जड़ें डाल दें। इसको रात भर पानी में भिगोकर रखें। अगली सुबह बहुत गहरा रंग मिलेगा।