संजय गुंज्याल ने कहा कि प्रदेश सरकार की मांग पर भारत सरकार ने 40 कंपनी पैरामिल्टी का आवंटन कर दिया है। इनमें एसएसबी की सात, सीआरपीएफ की 10, बीएसएफ की 10, सीआईएसएफ की सात और आईटीबीपी की छह कंपनियां शामिल हैं। बताया कि पैरामिल्ट्री चार अलग अलग चरणों में हरिद्वार पहुंचेंगी।
इसमें पांच कंपनी पैरामिल्ट्री की पहली जनवरी को हरिद्वार पहुंचने की इसकी शुरुआत होगी। इसके बाद एक फरवरी को सात कंपनी पहुंचेंगी। एक मार्च को 12 कंपनी और 28 मार्च को 16 कंपनी पैरामिल्ट्री पहुंच जाएगी।
मार्च और अप्रैल में शाही और महत्वपूर्ण स्नानों पर सर्वाधिक फोर्स की जरूरत पड़ेगी। बताया कि कुंभ के लिए बम डिस्पोजल स्क्वायड, एंटी माइनिंग टीम और कमांडो स्नाइपरों का आवंटन भी हो गया है। कमांडो स्पाइपर भी जनवरी से पहुंचने शुरू हो जाएंगे।
एक जनवरी से पहुंचने वाली कंपनियां टेंट के बजाय स्थायी आवास में रहेगी। शहरी विकास की ओर से आवास की व्यवस्था की गई है। पहले पहुंचने वाली फोर्स को छह दिन का प्रशिक्षण दिया जाएगा। बाद में आने वाली फोर्स को दो से तीन दिन का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
कुंभ क्षेत्र में बनेंगे 24 सेक्टर
आईजी कुंभ के मुताबिक मेला क्षेत्र में 24 सेक्टर बनाए गए हैं। इनमें एक सेक्टर रेलवे का होगा। रेलवे के सेक्टर में पांच थाने और अन्य 23 सेक्टर में 23 ही थाने बनाए जाएंगे। मेला क्षेत्र बढ़ने और कम होने पर थाना एवं चौकियों की संख्या कम या अधिक हो सकती है।