फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Happy Holi 2023: होली पर आज जरा सी सावधानी भर देगी खुशियों के रंग...इन बातों का जरूर रखें ध्यान

Wed, 08 Mar 2023 12:30 AM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

होली पर लोग पानी का भी इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में चिकित्सकों ने होली मनाने को लेकर कुछ सुझाव भी दिए हैं।
विज्ञापन
उत्तराखंड में होली - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

होली के पर्व पर स्वास्थ्य का भी विशेष ध्यान देने जरूरत है। बाजार की मिलावटी मिठाई आपको बीमार कर सकती है। ऐसे में मिलावटी चीजों को खाने से बचें। साथ ही हर्बल रंगों का इस्तेमाल करें। केमिकल युक्त रंग त्वचा के लिए खतरनाक हो सकते हैं। इन दिनों मौसम में भी बदलाव हो रहा है। ऐसे में सुबह और रात के समय मौसम हल्का ठंडा हो जाता है, जबकि दिन में धूप की वजह से गर्मी महसूस होती है। होली पर लोग पानी का भी इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में चिकित्सकों ने होली मनाने को लेकर कुछ सुझाव भी दिए हैं।

विज्ञापन


Holika Dahan 2023: होली के रंग में रंगा उत्तराखंड, धूम धाम से किया होलिका पूजन और दहन, देखें तस्वीरें

घर की बनी चीजों को ही खाएं

दून अस्पताल के फिजिशियन डॉ. नारायणी जीत ने बताया कि इन दिनों मावे और मिठाई में मिलावट बहुत हो रही है। इसलिए बाहर की मिठाई खाने से बचें। जितना हो सके घर पर ही मिठाई बनाएं और अन्य खाद्य पदार्थ भी घर के ही बने हुए खाएं। जिन मरीजों को डायबिटीज, ब्लड प्रेशर की समस्या है वह विशेष ध्यान रखें। नियमित रूप से ब्लडप्रेशर, डायबिटीज की जांच करवाते रहें। इसके अलावा तला-भुना कम खाएं। मौसम में बदलाव की वजह से लोगों को खांसी, बुखार और सांस की समस्या हो रही है। इसलिए सुबह और रात के समय गर्म कपड़े पहनें।

आंखों के लिए खतरनाक हैं केमिकल युक्त रंग

दून अस्पताल के नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. सुशील ओझा ने बताया कि होली के दौरान केमिकल युक्त रंगों के इस्तेमाल से बचें। यह रंग आंखों के लिए बहुत खतरनाक होते हैं। ये रंग आंखों पर पड़ जाएं और तुरंत सफाई न की जाए तो कई बार आंखों की रोशनी जाने का भी खतरा बना रहता है। इसलिए ऐसा कुछ होने पर तुरंत आंखों को साफ करें और डॉक्टर की सलाह पर लुब्रीकेंट ड्रॉप आंखों में डालें। यही नहीं, रंगों में मौजूद खतरनाक रसायनों से शरीर की त्वचा मोटी हो जाती है। ऐसे में बेहतर है कि होली के दौरान खतरनाक चटख रंगों से परहेज कर हर्बल रंगों से ही होली खेली जाए।

गर्भवतियों की नाक में गया रंग तो बच्चे को खतरा 

दून अस्पताल की स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. रीना पाल ने बताया कि जब भी होली खेलें तो हर्बल और ऑर्गेनिक रंगों का उपयोग करें। केमिकल वाले रंग न इस्तेमाल करें। केमिकल वाले रंग अगर गर्भवती महिला के नाक में चले गए तो श्वास नली के माध्यम से बच्चे को नुकसान कर सकते हैं। इसके अलावा गर्भवतियां होली न खेलें तो बेहतर है, क्योंकि होली खेलते समय धक्कामुक्की होने पर चोट लग सकती है। जिससे मां और बच्चा दोनों के लिए खतरा हो सकता है।

विज्ञापन

इन बातों का रखें ध्यान 

- होली खेलते समय खतरनाक रंगों से बचें।
- रंग आंखों में चले जाएं तो तुरंत पानी के छींटे मारें।
- होली खेलने से पहले हाथ और चेहरे पर तेल लगा लें।
- शरीर पर लगे रंगों को साबुन से बिल्कुल न छुड़ाएं।
- प्राकृतिक रंगों यानी हर्बल कलर से ही होली खेलें।
- बाहर की मिठाई खाने से बचें। घर की चीजें खाएं।

होली के लिए अलर्ट मोड पर अस्पताल, एंबुलेंस भी सक्रिय

होली खेलने के दौरान हुड़दंग और हादसों में घायल होने वाले लोगों के इलाज के लिए दून के अस्पताल तैयार हैं। इसे लेकर दून अस्पताल के अलावा गांधी शताब्दी और कोरोनेशन अस्पताल में पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। हड्डी रोग, त्वचा रोग, नेत्र रोग विशेषज्ञों को अलर्ट पर रखा गया है। इसके अलावा एंबुलेंस को भी अलर्ट पर रखा गया है। शहर में दून अस्पताल समेत अन्य सरकारी अस्पतालों में रोस्टर के मुताबिक डॉक्टरों की ड्यूटी लगाई जा रही है। बता दें कि होली खेलने के दौरान कई लोग हुड़दंग के चलते घायल हो जाते हैं। इसके अलावा सड़क हादसे भी इस दौरान बहुत होते हैं। वहीं, केमिकल युक्त रंगों के कारण भी लोगों की त्वचा पर बुरा असर पड़ता है। इन्हीं को देखते हुए उक्त व्यवस्था की गई है। दून अस्पताल के प्राचार्य डॉ. आशुतोष सयाना ने बताया कि डॉक्टरों की रोस्टर के मुताबिक ड्यूटी लगाई गई है। जो डॉक्टर छुट्टी पर जाएंगे उनकी जगह पर अन्य डॉक्टर तैनात रहेंगे। वहीं, सीएमओ डॉ. संजय जैन ने बताया कि अस्पतालों को अलर्ट पर रहने के निर्देश जारी किए गए हैं।
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें