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Uttarakhand: निर्माण की कछुआ चाल, मेडिकल कॉलेज बनने में लग जाएंगे कई साल, सुस्त रफ्तार पर सख्त हुई सरकार

Sat, 18 Nov 2023 05:25 PM IST
रेनू सकलानी अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून

सार

केंद्र सरकार की हर जिले में मेडिकल कॉलेज खोलने की योजना है। इसके तहत प्रदेश के तीन जिले हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर और पिथौरागढ़ में मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य चल रहा है। हरिद्वार मेडिकल कॉलेज का लगभग 80 प्रतिशत हो चुका है। लेकिन रुद्रपुर और पिथौरागढ़ में मेडिकल कॉलेज को बनने में अभी कई साल लगेंगे। 
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मीटिंग ( प्रतीकात्मक) - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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प्रदेश के पिथौरागढ़ और रुद्रपुर में राजकीय मेडिकल कॉलेज के निर्माण की कछुआ चाल है। पिथौरागढ़ मेडिकल कॉलेज का एक साल में 10 प्रतिशत काम नहीं हुआ है। इसी तरह रुद्रपुर मेडिकल कॉलेज में जिन भवनों का ढांचा खड़ा था, उसकी गुणवत्ता घटिया पाई गई। जिससे उन्हें तोड़कर नये सिरे से निर्माण किया जाएगा।

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कार्यदायी कंपनियों की हीलाहवाली से दोनों मेडिकल कॉलेज के निर्माण कार्य में देरी हो रही है। केंद्र सरकार की हर जिले में मेडिकल कॉलेज खोलने की योजना है। इसके तहत प्रदेश के तीन जिले हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर और पिथौरागढ़ में मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य चल रहा है। हरिद्वार मेडिकल कॉलेज का लगभग 80 प्रतिशत हो चुका है। लेकिन रुद्रपुर और पिथौरागढ़ में मेडिकल कॉलेज को बनने में अभी कई साल लगेंगे। प्रदेश सरकार भी निर्माण कार्यों की सुस्त रफ्तार पर सख्त है।

रुद्रपुर मेडिकल कॉलेज, 14 भवनों का ढांचा तोड़कर नये सिरे बनेगा

रुद्रपुर में मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य पिछले कई साल से चल रहा है। चिकित्सा शिक्षा विभाग ने ईपीआईएल कंपनी को मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य सौंपा था। इसके लिए 50 करोड़ की राशि कंपनी को दी गई। लेकिन निर्माण कार्यों की गुणवत्ता आईआईटी रुड़की की जांच में घटिया पाई गई। 14 भवनों के ढांचे को तोड़कर अब नये सिरे से बनाया जाएगा। सरकार ने ईपीआईएल कंपनी को काली सूची में डाल कर 32 करोड़ की राशि वसूलने की कार्रवाई की है। अब मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य पेयजल निर्माण निगम को सौंपा गया है।

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पिथौरागढ़ मेडिकल कॉलेज : एक साल में 10 प्रतिशत भी काम नहीं हुआ

राजकीय मेडिकल कॉलेज पिथौरागढ़ में एक साल में 10 प्रतिशत भी काम नहीं हुआ है। प्रदेश सरकार ने मेडिकल कॉलेज के निर्माण के लिए लगभग 82 करोड़ की जारी किए थे। निर्माण कार्य एनपीसीसी कंपनी को दिया गया। शासन की ओर से कई बार कंपनियों को नोटिस जारी कर निर्माण कार्य में तेजी लाने के लिए निर्देश दिए। इसके बावजूद कंपनी काम में हीलाहवाली करती थी। एनपीसीसी कंपनी को बाहर का रास्ता दिखाकर पेयजल निगम को काम सौंपा है। 9 अक्तूबर 2023 को सचिव स्वास्थ्य डॉ. आर. राजेश कुमार ने पिथौरागढ़ मेडिकल कॉलेज के निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया। काम की धीमी रफ्तार पर नाराजगी जताई थी।

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हरिद्वार मेडिकल कॉलेज : मेडिकल कॉलेज का 80 प्रतिशत हो चुका है पूरा

हरिद्वार के जगजीतपुर में निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य लगभग 80 प्रतिशत हो चुका है। 20 प्रतिशत काम शेष रह गया है। सरकार ने मार्च 2024 तक निर्माण कार्य पूरा करने का लक्ष्य रखा है।

मेडिकल कॉलेज के निर्माण कार्यों में लापरवाही बरतने पर कार्यदायी संस्थाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। निर्माण कार्यों में गड़बड़ी करने पर पूर्व में जो कंपनियां पिथौरागढ़ और रुद्रपुर मेडिकल कॉलेज का निर्माण कर ही थी। उन पर कार्रवाई की गई। हरिद्वार मेडिकल कॉलेज को 2024-25 तक शुरू किया जाएगा। जबकि रुद्रपुर को 2026-27 और पिथौरागढ़ मेडिकल कॉलेज को 2027-28 को शुरू करने का लक्ष्य रखा है।  -डा. धन सिंह रावत, स्वास्थ्य मंत्री

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