आजकल उत्तराखंड में ईवनिंग क्लासेज चर्चाओं में है। एक कॉलेज में ईवनिंग क्लास को फुटबॉल बना दिया गया है।
ईवनिंग क्लास को डिब्बे में डाला
यहां प्रबंधन ने विशेष आदेश दिए हैं कि जहां तक हो सके, ईवनिंग क्लास को डिब्बे में डाल दिया जाए। अब प्रबंधन के चिंटू किस्म के शिक्षकों और कर्मचारियों ने आदेश को सर आंखों पर लेते हुए अपने हाथ पीछे खींच लिए हैं। इस वजह से पूरी प्रक्रिया अटक गई है।
प्रबंधन चाहता है कि जितना देर होगी, उतना ही इससे पीछा छुड़ने के चांस ज्यादा होंगे। एक गुरुजी तो खुलेआम बोलते घूम रहे हैं कि हमारे आका को ईवनिंग क्लास चलवानी ही नहीं तो हम क्यों पंगे में पड़े। बेचारे छात्र, अब करें भी तो क्या करें।