निवेशकों को दिया सम्मेलन में आने का निमंत्रण
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को लंदन में हुई बैठक में प्रदेश में दिसंबर में प्रस्तावित वैश्विक निवेशक सम्मेलन के लिए निवेशकों को निमंत्रण दिया। सीएम ने कहा कि उत्तराखंड को वैश्विक पर्यटन डेस्टीनेशन बनाने की दिशा में सरकार लगातार कार्य कर रही है। राज्य में वेलनेस और ग्रामीण पर्यटन में कई संभावनाएं हैं। ऋषिकेश योग और आध्यात्म की वैश्विक राजधानी के रूप में जाना जाता है। यूरोप से लेकर अन्य देशों के पर्यटक हर साल बड़ी तादात में योग आध्यात्म के लिए राज्य में आते हैं। सरकार विश्वस्तरीय कन्वेशनर सेंटर की स्थापना के लिए निवेशकों से बात कर रही है।
वहीं, सीएम धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आयोजित जी-20 समिट के सफल आयोजन से ब्रिटेन और भारत के रिश्तों को और अधिक मजबूती मिली है। सरकार ने निवेशक सम्मेलन में 2.5 लाख करोड़ के निवेश का लक्ष्य रखा है, जो प्रदेश की आर्थिकी को नई गति में सहायक साबित होगा। वहीं, भारतीय उच्चायुक्त विक्रम दोरईस्वामी ने प्रदेश सरकार की विभिन्न नीतियों और सकारात्मक विजन की सराहना की। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड देश की राष्ट्रीय राजधानी से कुछ दूरी पर होने के कारण दिल्ली एनसीआर में रहने वाले लोगों के लिए वीकेंड डेस्टिनेशन के रूप में विकसित हो गया है। उच्चायुक्त ने अपने पुराने अनुभवों को याद कर लाल बहादुर शास्त्री प्रशासनिक अकादमी से जुड़े स्मरण साझा किए।
अब तक 16600 करोड़ के निवेश पर बनी बात
निवेशक सम्मेलन के लिए दिल्ली में हुए करटेन रेजर और लंदन, बर्मिंघम रोड शो में अब तक 16600 करोड़ के निवेश पर बात बनी है। सरकार ने बड़े औद्योगिक घरों के साथ निवेश पर एमओयू किया है। दिल्ली में 14 सितंबर को आईटीसी के साथ 5000 करोड़, महिंद्रा हॉलीडेज एंड रिसॉर्ट इंडिया लिमिटेड के साथ 1000 करोड़, ई-कुबेर से 1600 करोड़ के साथ कुल 7600 करोड़ का एमओयू किया गया है। जबकि ब्रिटेन में 9000 करोड़ पर निवेशकों के साथ एमओयू किए गए।