नारी निकेतन में संवासनियों को नए साल से भोजन नहीं मिलेग। इसके लिए बीते चार साल से नारी निकेतन में खाना आपूर्ति कर रहे क्रिश्चन अस्पताल (लेमन अस्पताल) हर्बटपुर ने नारी निकेतन प्रबंधन को मेल कर सेवा बंद करने की बात कहीं है। ऐसे में नारी निकेतन की संवासनियों पर एक जनवरी से भोजन का संकट मंडराने लगेगा।
एमओयू साइन नहीं होने से अस्पताल को अप्रैल माह से बजट नहीं मिला है। अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि लंबे समय तक सेवाएं जारी रखना अब मुमकिन नहीं है। अस्पताल प्रबंधन का कहना है यहां लगभग 140 संवासिनियों के लिए तीन समय का खाना भेजा जाता है। खाना आपूर्ति व कर्मचारियों के वेतन सहित इसमें प्रति माह लगभग दस लाख रुपये खर्चा आता है। ऐसे में अप्रैल से पैसा नहीं मिलने के कारण अस्पताल प्रबंधन पर आर्थिक बोझ बढ़ने लगा है। अस्पताल के प्रोजेक्ट मैनेजर रॉबर्ट कुमार ने बताया कि इस संबंध में नारी निकेतन प्रबंधन को मेल कर सूचित कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि अस्पताल प्रबंधन की ओर से कई बार एमओयू साइन के लिए कहा गया, लेकिन नारी निकेतन प्रबंधन की ओर से इस ओर कोई कदम नहीं बढ़ाए गए। ऐसे में विधानसभा चुनाव के चलते अगले महीने से आचार संहिता लगने के बाद बाद एमओयू फिर से लटक जाएगा। इसलिए अब अस्पताल प्रबंधन ने अपनी सेवाएं बंद करने का फैसला लिया है।