योजना के लाभ से वंचित हो रहे छात्र
उच्च शिक्षा निदेशक ने शासन को लिखे पत्र में कहा कि मुफ्त टैबलेट के लिए महाविद्यालयों में चार जनवरी 2022 तक अध्ययनरत छात्रों के लिए धनराशि उपलब्ध कराई गई है। कई छात्र वर्ष 2021-22 में परीक्षा एवं परीक्षाफल देर से घोषित होने की वजह से योजना के लाभ से वंचित हो रहे हैं। इसके लिए शासनादेश में संशोधन किया जाए।
मात्र इन महाविद्यालयों के शत प्रतिशत छात्रों को मिला पैसा
प्रदेश के नैनीताल जिले के महाविद्यालय दोषापानी और पतलोट में शत-प्रतिशत डीबीटी हुई है। इसके अलावा रुद्रप्रयाग जिले के महाविद्यालय अगस्त्यमुनि और रुद्रप्रयाग, नई टिहरी के पोखाल और लंबगांव, पौड़ी जिले के पोखड़ा, हरिद्वार जिले के दल्लावाल खानपुर और मरगूबपुर, ऊधमसिंह नगर जिले के जसपुर, पिथौरागढ़ जिले के बेरीनाग, गणाई गंगोली और राजकीय महाविद्यालय गंगोलीहाट उन महाविद्यालयों में से हैं जिनमें शत-प्रतिशत छात्र-छात्राओं को मुफ्त टैबलेट के लिए डीबीटी के माध्यम से पैसा मिला है।
ये भी पढ़ें...Kedarnath yatra 2022: हेली सेवा के नाम पर श्रद्धालुओं से ठगी, टिकटों की खूब हो रही कालाबाजारी, पर्यटन मंत्री सख्त
चुनाव आचार संहिता की वजह से मुफ्त टैबलेट की प्रक्रिया रुक गई थी। यही वजह है कि इसमें देरी हुई है। अब तक 70 फीसदी छात्र-छात्राओं को टैबलेट के लिए पैसा दिया जा चुका है। कोई छात्र योजना से वंचित न रहे इसके लिए शासन को पत्र लिखा गया है।
- डा. आरके भाकुनी, उप निदेशक उच्च शिक्षा