हरिद्वार में सार्वजनिक परिवहन वाहनों की हड़ताल ने बवाल का रूप ले लिया। भेल में काम पर जाने वाले संविदाकर्मियों और अधिकारियों की फाउंड्री गेट पर प्रदर्शनकारियों के बीच पहले नोकझोंक हुई उसके बाद प्रदर्शनकारियों ने कर्मियों के साथ मारपीट कर दी। एक अधिकारी के कपड़े भी फाड़ दिए।
पुलिस ने लाठीचार्ज कर प्रदर्शनकारियों को गेट से खदेड़ा। इस दौरान तीन पुलिसकर्मी सहित 24 से अधिक प्रदर्शनकारी घायल हुए। इससे गुस्साए प्रदर्शनकारियों ने वाहनों पर पत्थर फेंके। एक वाहन में आग लगाने का भी प्रयास किया।
बुधवार सुबह आठ बजे सभी ट्रेड यूनियनों के नेता फाउंड्री गेट पर हड़ताल को सफल बनाने के लिए एकत्रित हुए। जैसे ही पहली शिफ्ट में संविदाकर्मी और अधिकारी भेल में जाने का प्रयास करने लगे प्रदर्शनकारी इनसे उलझ गए। लेकिन पुलिस की सख्ती के आगे इनकी नहीं चली। जैसे-जैसे हड़तालियों की संख्या बढ़ती गई इनके तेवर भी तीखे होते गए।
सुबह दस बजे भेल के प्रशासनिक भवन में जा रहे अधिकारियों को प्रदर्शनकारियों ने फिर रोकने का प्रयास किया। लेकिन अधिकारियों ने खुद को हड़ताल से बाहर बताया तो प्रदर्शनकारी भड़क गए और मारपीट कर दी।