पासपोर्ट के तर्ज पर अब आपका ड्राइविंग लाइसेंस भी आरटीओ ऑफिस से बनकर सीधे आपके घर पहुंचेगा।
ड्राइविंग लाइसेंस लेने के लिए आपको कार्यालय का चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। डाकिया डीएल लेकर आपके घर पहुंचेगा। अगर आप घर में नहीं मिले तो एड्रेस प्रूफ लेकर कार्यालय जाना पड़ेगा। तब आपके हाथ में लाइसेंस दिया जाएगा। संभागीय परिवहन कार्यालय की ओर से परिवहन मुख्यालय को इस संबंध में प्रस्ताव बनाकर भेजा गया है। हरी झंडी मिलते ही इसे लागू कर दिया जाएगा।
ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने के लिए आम जनता को कई बार आरटीओ ऑफिस का चक्कर काटने पड़ते हैं। ऐसे में परिवहन विभाग अपने संभागीय कार्यालयों के स्तर पर होने वाले सभी कार्यों को हाईटेक और ऑनलाइन कर रहा है।
यहां ड्राइविंग लाइसेंस के लिए ऑनलाइन आवेदन, कंप्यूटर टेस्ट, डीएल स्टेट सिमुलेटर्स मशीन पर शुरू कर दिया गया है। वाहनों का टैक्स पेमेंट भी ऑन लाइन करने की सुविधा है। अब ड्राइविंग लाइसेंस घर तक पहुंचाने की योजना बनाई गई है।
फर्जीवाड़ा व एजेंट पर ब्रेक
इस योजना से गलत एड्रेस प्रूफ लगाकर डीएल बनवाने वालों पर रोक लगेगा। क्योंकि कई लोग फर्जी एड्रेस प्रूफ बनाकर लाइसेंस के लिए आवेदन कर देते हैं। जबकि असली में उनके पास लोकल एड्रेस प्रूफ नहीं होता है। इसमें ज्यादातर दलालों की भूमिका होती है। मगर इस व्यवस्था के लागू होते ही फर्जीवाड़ा और एजेंट दोनों पर रोक लग जाएगा।
एक प्रस्ताव बनाकर परिवहन मुख्यालय को भेजा है। जिसमें डीएल डाकिया के माध्यम से घर भेजने का प्रस्ताव है। ऐसा करने से जनता को लाभ मिलेगा। गलत एड्रेस पर डीएल बनवाने वालों पर लगाम लगेगा। स्वीकृति मिलते ही इस योजना को लागू कर दिया जाएगा।
- संदीप सैनी, एआरटीओ प्रशासन