केलाखेड़ा में ढाबा संचालक से हुई मारपीट के प्रकरण में हाईकोर्ट की फटकार के बाद पुलिस हरकत में आ गई है। एसएसपी ने तत्काल प्रभाव से केलाखेड़ा एसओ को लाइन हाजिर करने के साथ ही बेरिया दौलत चौकी इंचार्ज और दो सिपाहियों को निलंबित कर दिया है। मामले की जांच बाजपुर सीओ दीपशिखा अग्रवाल को सौंपी गई है। बता दें कि हाईकोर्ट ने मामले की जांच एक हफ्ते के भीतर सीबीआई से कराने के आदेश दिए हैं।
दरअसल, बीते 28 जुलाई को केलाखेड़ा थाना क्षेत्र में एनएच-74 के किनारे एक ढाबे पर पहुंचे पुलिस कर्मियों पर ढाबा संचालकों और कर्मियों के साथ मारपीट का आरोप लगा था। मारपीट की पूरी घटना सीसीटीवी फुटेज में कैद हो गई थी। आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने फुटेज डिलीट कर दी थी। इस मामले में ढाबा संचालक विपिन शर्मा और अनिल शर्मा ने मारपीट के खिलाफ हाईकोर्ट की शरण ली थी।
उन्होंने याचिका में कहा था कि नेशनल हाईवे पर उनका पंडित ढाबा है, जहां पर पुलिस कर्मियों ने आकर मारपीट की और काम करने वाले एक व्यक्ति का मोबाइल छीन लिया। घटना के दूसरे दिन ढाबे में आकर पुलिस कर्मी सीसीटीवी फुटेज डिलीट कर गए और यह बात किसी को बताने पर ढाबा सीज करने की धमकी दी।
बीते शुक्रवार को न्यायमूर्ति रवींद्र मैठाणी की एकल खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई थी। कोर्ट के समक्ष मामले के सीसीटीवी फुटेज भी रखे गए थे। एसएसपी दलीप सिंह कुंवर वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से कोर्ट में पेश हुए थे। कोर्ट ने मामले में पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई नहीं होने और साक्ष्य मिटाने पर एसएसपी से कड़ी नाराजगी जताई थी।
इसके बाद एसएसपी दलीप सिंह कुंवर ने तत्काल प्रभाव से केलाखेड़ा एसओ ओमप्रकाश को लाइन हाजिर करते हुए बेरिया दौलत चौकी इंचार्ज प्रकाश चंद और सिपाही चंदन सिंह, त्रिभुवन सिंह को मारपीट एवं अनुशासनहीनता करने पर तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। एसएसपी कुंवर ने बताया कि अब एसएसआई सितारगंज प्रभात कुमार को केलाखेड़ा एसओ और रुद्रपुर कोतवाली में तैनात एसआई मनोहर चंद को बेरिया दौलत चौकी इंचार्ज बनाया गया है।
कहा कि अनुशासनहीनता किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उधर, एएसपी काशीपुर राजेश भट्ट अधीनस्थों के साथ जांच के लिए शनिवार को पंडित ढाबे पर पहुंचे। एएसपी ने सीसीटीवी फुटेज की जांच करते हुए पीड़ितों के बयान दर्ज किए। वहां कोतवाल बाजपुर संजय पांडेय, केलाखेड़ा के नवनियुक्त थानाध्यक्ष प्रभात कुमार, एसआई प्रियंका टम्टा आदि थे।