बिहार में बैठे आरोपियों के आकाओं ने तैयार कराई वेबसाइट
पूछताछ में पता चला है कि आरोपियों के आका बिहार और झारखंड में हैं। उन्हीं के कहने पर वे आधार कार्ड में अपडेट करते हैं। जिस वेबसाइट पर जन्म प्रमाण पत्र बनाए जाते हैं, वह भी इन्होंने ही तैयार कराई है। जिस व्यक्ति का प्रमाण पत्र बनाया जाता है, उसकी इस वेबसाइट पर डिटेल अपलोड की जाती है। इसमें फिर शहर का नाम, अस्पताल का नाम आदि आते हैं। इन्हीं पर डिटेल भरकर जन्म प्रमाण पत्र तैयार कर लिया जाता है। यह प्रमाणपत्र हूबहू असली जैसा होता है।
500 से 1000 रुपये में कर देते हैं आधार कार्ड अपडेट
एसएसपी ने बताया कि इस सेंटर पर आधार कार्ड फर्जी नहीं बनाए जाते हैं बल्कि अपडेट किया जाता है। इसके लिए फर्जी दस्तावेज तैयार किया जाता है। आरोपी इस काम के लिए मजदूरों से 500 से 1000 रुपये वसूल करते हैं। बताया जा रहा है कि इन्होंने अब तक हजारों लोगों के आधार कार्ड अपडेट किए हैं। 26 लोगों के आधार कार्ड यहां से बरामद भी हुए हैं। इनके बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है।
एयरटेल पेमेंट बैंक और अस्पतालों की मुहर भी मिली
मौके से एसटीएफ की टीम को एयरटेल पेमेंट बैंक की मुहर भी मिली है। इसके अलावा विभिन्न अस्पतालों की मुहरें भी आरोपी इस्तेमाल कर रहे थे। इनका इस्तेमाल जरूरी शुल्क वसूलकर रिसीविंग देने के लिए किया जाता है। जबकि, अस्पतालों की मुहर प्रमाणपत्रों पर लगाई जाती है।