राजधानी के अमीर यूपी के बदमाशों के निशाने पर हैं। एक के बाद एक हो रहीं लूट की घटनाएं और इनमें यूपी के बदमाशों का जुड़ाव इसी ओर इशारा कर रहा है। यूपी में अपराध के बदले मिलने वाली ‘गोली’ से बचने के लिए जुर्म के खिलाड़ी अपराध के लिहाज से इस इलाके को सुरक्षित मानकर चल रहे हैं। पिछले दिनों प्रेमनगर के पेट्रोल पंप पर लूटपाट और दो अपराधियों के बीच रिकार्ड हुई बातचीत से भी इसकी पुष्टि हुई थी।
राजधानी में लूट की यह पहली घटना नहीं है। यूपी में जब से अपराध के बदले पुलिस की गोली मिलने का सिलसिला शुरू हुआ है, तब से वहां के अपराधी देहरादून की ओर रुख कर रहे हैं। करीब तीन माह पहले प्रेमनगर में पेट्रोल पंप मालिक को गोली मारकर कई लाख रुपये लूटने वाले बिजनौर के बदमाशों की गिरफ्तारी से भी यही बात सामने आई थी। गिरोह के सरगना ने बिजनौर जेल से निकलते ही दून की राह पकड़ी थी। अभिमन्यु एकेडमी के मालिक आरपी ईश्वरन की कोठी में डाका डालकर 60 लाख रुपये से अधिक की संपत्ति लूटने वाला गैंग भी दिल्ली का ही था। हाल में ही दो बदमाशों के बीच मोबाइल पर हुई बातचीत की रिकार्डिंग सामने आई थी। इस बातचीत में दो बदमाश इस बात की तस्दीक कर रहे थे कि अब अपराधियों के लिए उत्तराखंड ज्यादा सुरक्षित है।