ऐसे करते हैं ठगी
आरोपी गैंग बनाकर नामी कंपनियों की फर्जी वेबसाइट तैयार करते हैं। इन वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन करने वाले लोगों से संपर्क कर उन्हें झांसे में लेते हैं। इसे बाद आवेदन की फीस, वेरिफिकेशन, रजिस्ट्रेशन, एनओसी और लाइसेंस फीस के नाम पर लोगों से मोटी रकम वसूलते हैं। इस काम के लिए वह फर्जी सिम, आईडी कार्ड और फर्जी खातों का प्रयोग करते हैं।
देशभर में दर्ज हैं 100 से ज्यादा मुकदमे
आरोपियों के खिलाफ देशभर में 100 से ज्यादा मुकदमे दर्ज हैं। इसमें तेलंगाना में 14, आंध्रप्रदेश, उत्तराखंड में एक-एक मुकदमा शामिल है। एसएसपी आयुष अग्रवाल ने बताया कि गैंग के अन्य सदस्यों के बारे में अन्य जानकारी जुटाई जा रही है। इसके लिए विभिन्न राज्यों की पुलिस से संपर्क किया जा रहा है।
ये हुए गिरफ्तार
आरोपी सनी कुमार वर्मा, सूरज कुमार वर्मा दोनों निवासी न्यू कॉलोनी थाना मालसलामी पटना, सनी कुमार निवासी गुल मैया चौक सबलपुर पटना और चंदन कुमार उर्फ विकास निवासी जमुनापुर चाईटोली पटना बिहार को गिरफ्तार कर लिया गया।
आरोपियों से चार मोबाइल, 12 सिम कार्ड बरामद
ठगी में प्रयुक्त मोबाइल नंबर और शिकायतकर्ता द्वारा भेजी गई धनराशि के बैंक खाते की जांच में आरोपियों का पटना बिहार से संबंध होना सामने आया। इस पर टीम ने पटना से आरोपियों को धर दबोचा। आरोपियों की कब्जे से चार मोबाइल, 12 सिम कार्ड, दो डेबिट कार्ड, दो आधार कार्ड और एक पेन कार्ड बरामद हुआ। आरोपियों के मिले डेबिट कार्ड के आधार पर बैंक खातों की जांच की जा रही है।