अपने बेटे की खुशी के लिए रिक्शे की बैटरी बेचने वाले राजन भंडारी ने बेटे को रेलवे स्टेशन से घर तक का सफर उसी रिक्शे में कराया। इतना ही नहीं बेटे को लाने के लिए इन्होंने रिक्शे को भव्य रूप से सजाया था। क्षेत्रवासियों ने स्टेशन पर अक्षित का जोरदार स्वागत किया। रविवार को अक्षित अपनी मां पार्वती के साथ मुंबई से दून लौटा।
अक्षित के पिता राजन भंडारी पेशे से रिक्शा चालक हैं। उन्होंने अपने बेटे की कामयाबी के लिए अपने रिक्शे की बैटरी बेच दी थी। पिता के इस त्याग के बाद अक्षित ने अपनी मेहनत से सोनी टीवी में प्रसारित होने वाले धारावाहिक सुपर डांसर चैप्टर तीन के टॉप छह में जगह बना कर परिजनों के साथ दून का भी नाम रोशन किया। रविवार को दून लौटे अक्षित के स्वागत के लिए राजन ने अपने रिक्शे को भव्य रूप से सजाया था।
इसके अलावा अक्षित के स्वागत के लिए स्टेशन पर परिजनों और रिश्तेदारों का जमावड़ा लगा रहा। इस अवसर पर लोगों ने अक्षित के साथ जमकर सेल्फी ली। राजन ने कहा कि बेटे ने परिवार को नई पहचान दिलाई है। इसकी खुशी के लिए वह हर त्याग करने को तैयार हैं। प्रेमनगर के बड़ोवाला निवासी 12 वर्षीय अक्षित पिछले तीन साल से बनियावाला स्थित एक एकेडमी में डांस सीख रहे थे। उसके बाद अक्षित का सुपर डांसर चैप्टर के लिए चयन हुआ।