जून 2013 में आई आपदा के बाद केदारनाथ हाईवे पर बने डेंजर जोन आज भी बीआरओ के लिए नासूर बने हुए हैं। सेमी में लगातार नीचे से हो रहे धंसाव से सड़क क्षतिग्रस्त बनी हुई है। ऐसे में यहां पर वाहनों की आवाजाही खतरनाक बनी हुई है।
अब तक इस जगह पर तीन हादसे भी हो चुके हैं। स्थानीय लोगों व वाहन चालकों का कहना है कि बीआरओ की ओर से इसके ट्रीटमेंट के लिए कोई स्थायी कार्रवाई नहीं की जा रही है।
बारिश में जानलेवा
केदारनाथ हाईवे पर कुंड-गुप्तकाशी के बीच सेमी में आपदा के बाद से लगातार भूस्खलन जारी है। विगत दिनों हुई बारिश से यहां पर मार्ग जानलेवा बना हुआ है। वाहन से हल्का कंट्रोल हटते ही हादसों की आशंका बनी रहती है। उबड़-खाबड़ होने से यहां पर डेढ़ वर्ष में तीन से अधिक हादसे हो चुके हैं।
शहीद गोविंद सिंह राणा जीप-टैक्सी यूनियन के अध्यक्ष राय सिंह राणा, शिक्षक नेता मान सिंह सजवाण व डॉ. हर्षवर्धन बेंजवाल ने बताया कि इस संबंध में बीआरओ को अवगत कराने के बाद भी सुधारीकरण के लिए कोई कार्रवाई नहीं की है। कहा कि सड़क क्षतिग्रस्त और उबड़-खाबड़ होने से यहां पर वाहन चालकों को भी भारी परेशानी उठानी पड़ रही है।