लाखों रुपयों की धोखाधड़ी के आरोप में उत्तराखंड के दर्जाधारी राज्यमंत्री रहे शैलेश वर्मा जेल चले गए। एनडी तिवारी सरकार के दौरान स्पेशल कंपोनेंट प्लान बोर्ड के सदस्य रहे वर्मा पर परिवहन निगम में ठेके दिलाने के नाम पर लाखों रुपए ठगने का आरोप है।
रविवार को राजपुर पुलिस ने वर्मा को गिरफ्तार करके कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें 14 दिन की न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।
शैलेश वर्मा के खिलाफ प्लीजेंट वैली निवासी प्रॉपर्टी डीलर आशिक मसूद ने 14 सितंबर 2014 को शैलेश वर्मा पुत्र शशिभानू वर्मा निवासी किशनपुर के खिलाफ राजपुर थाने में मुकदमा दर्ज कराया था।
आशिक के आरोप के अनुसार, अक्तूबर 2013 में शैलेश ने उसे साझेदारी में काम करने का प्रस्ताव दिया था। कहा था कि उसे रोडवेज में बसों की धुलाई एवं सफाई के साथ ही कैंटीन का ठेका मिला है। लाखों के फायदे वाले इस काम के लिए उसे फाइनेंशर की जरूरत है।